Venezuela: जो बाइडन का वेनेजुएला में दोबारा राष्ट्रपति चुनाव को समर्थन, विपक्षी नेता ने खारिज किया प्रस्ताव
ब्राजील और कोलंबिया ने भी पिछले महीने हुए जारी हुए राष्ट्रपति चुनाव परिणाम में निकोलस मादुरो की जीत को धोखा करार देते हुए दोबारा चुनाव कराने की मांग की है। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने वेनेजुएला में गठबंधन सरकार का भी सुझाव दिया।
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अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन ने भी वेनेजुएला में दोबारा राष्ट्रपति चुनाव कराने की मांग का समर्थन किया है। उन्होंने गुरुवार को कहा कि मैं नए राष्ट्रपति चुनाव का समर्थन करता हूं। वहीं वेनेजुएला के विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो ने दोबारा राष्ट्रपति चुनाव कराने के प्रस्ताव को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि ऐसा करना देश की जनता का अपमान होगा। अगर दूसरा चुनाव हुआ और राष्ट्रपति मादुरो उन परिणामों को स्वीकार नहीं किया तो क्या फिर तीसरा चुनाव कराएंगे।
विदेश विभाग के प्रवक्ता वेदांत पटेल ने मतदान को लेकर अमेरिका की चिंता जाहिर की। उन्होंने कहा कि वेनेजुएला के चुनाव निकाय ने पारदर्शिता, राष्ट्रीय कानून और नियमों का पालन नहीं किया। बिना आंकड़े जारी किए और विवरण दिए चुनाव परिणाम की घोषणा किसी देश ने नहीं की है। अमेरिका ने भी चुनावी शर्तों का पालन न करने पर वेनेजुएला की निंदा की, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की।
वहीं ब्राजील और कोलंबिया ने भी पिछले महीने हुए जारी हुए राष्ट्रपति चुनाव परिणाम में निकोलस मादुरो की जीत को धोखा करार देते हुए दोबारा चुनाव कराने की मांग की है। ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने वेनेजुएला में गठबंधन सरकार का भी सुझाव दिया। उन्होंने पिछले दिनों कहा था कि वह वेनेजुएला में पिछले महीने हुए राष्ट्रपति चुनाव में विजयी हुए निकोलस मादुरो की जीत को मान्यता नहीं देते हैं। उन्होंने कहा था कि वह दोबारा चुनाव कराने की मांग करते हैं। क्योंकि मादुरो को ब्राजील और विश्व के अन्य देशों को स्पष्टीकरण देना होगा।
तीसरी बार राष्ट्रपति चुने गए मादुरो
बता दें कि निकोलस मादुरौ लगातार तीसरी बार वेनेजुएला के राष्ट्रपति चुने गए हैं। वह 11 साल से सत्ता की बागडोर संभाल रहे हैं। हालांकि, इस बार विपक्षी नेताओं और दलों के एकजुट होने के कारण राष्ट्रपति मादुरो को पहली बार सबसे कठिन चुनावी चुनौती मिली। इस चुनाव में मादुरो के मुख्य प्रतिद्वंद्वी 74 वर्षीय एडमंडो गोंजालेज उरुतिया थे। करीब दो करोड़ पंजीकृत मतदाताओं ने राष्ट्रपति चुनाव में मतदान किया था। राष्ट्रपति चुनाव में निकोलस मादुरो को 51 प्रतिशत वोट मिले। वहीं विपक्ष के नेता एडमुंडो गोंजालेज को 44 प्रतिशत मत मिले।
विपक्षी उम्मीदवार एडमंडो गोंजावेज ने दी चुनौती
वर्तमान में विपक्ष के उम्मीदवार एडमंडो गोंजालेज उनकी जीत को चुनौती दे रहे हैं। गोंजालेज और विपक्षी नेता मारिया कोरिना मचाडो ने पत्रकारों से बातचीत के दौरान दावा किया था कि उन्हें 80 फीसदी से अधिक टैली शीट मिली हैं और वे गोंगालेज को मादुरो से आगे दिखाते हैं। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन और ब्राजील के राष्ट्रपति लुइज इनासियो लूला दा सिल्वा ने वेनेजुएला सरकार से राष्ट्रपति चुनाव का मतदान डाटा जारी करने का आह्वान किया। वेनेजुएला में परिणाम के बाद विपक्षी उम्मीदवार एडमंडो गोंजालेज के समर्थन में हजारों समर्थकों राजधानी कराकस में संयुक्त राष्ट्र के कार्यालयों के बाहर इकट्ठा होकर प्रदर्शन किया।
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