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Russia: जासूसी के आरोप में रूस की जेल में बंद अमेरिकी पत्रकार पर चलेगा मुकदमा, हो सकती है 20 साल की सजा

Fri, 14 Jun 2024 03:15 PM IST
श्वेता महतो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मॉस्को
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मॉस्को Published by: श्वेता महतो Updated Fri, 14 Jun 2024 03:15 PM IST
सार

अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा कि गेर्शकोविच के खिलाफ लगाए गए आरोप बेबुनियाद है। उन्होंने कहा कि रूस के सरकार को भी मालूम है कि वे झूठे हैं।

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Jailed US journalist to stand trial on espionage charges in Russia may get twenty years sentence news in hindi
जेल में बंद अमेरिकी पत्रकार इवान गेर्शकोविच - फोटो : ANI

विस्तार

शीत युद्ध के बाद इवान गेर्शकोविच पहले अमेरिकी पत्रकार हैं जिसे जासूसी के आरोप में रूस में गिरफ्तार किया गया है। सीआईए के लिए जासूसी करने का आरोप लगाते हुए उसपर मुकदमा चलाया जाएगा। रूसी प्रेसेक्यूटर जनरल कार्यालय की तरफ से कहा गया कि गेर्शकोविच को पहली बार हिरासत में लिए जाने के एक से अधिक साल बाद उसपर आरोप तय किया गया। दोषी पाए जाने पर उसे 20 साल की सजा दी जाएगी। हालांकि, गेर्शकोविच, अमेरिकी सरकार और उनके कर्मचारियों ने उनके खिलाफ आरोपों का खंडन किया है। 
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सीआईए के निर्देशों पर काम कर रहा था गेर्शकोविच: रूस का दावा
गेर्शकोविच की गिरफ्तारी के दो हफ्ते बाद अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने इसपर प्रतिक्रिया देते हुए इसे गलत तरीके से हिरासत में लेना बताया। रूसी अभियोजकों ने कहा कि देश की संघीय सुरक्षा सेवा (एफएसबी) ने दस्तावेजों की जांच की। इस दौरान यह पाया गया कि गेर्शकोविच सीआईए के निर्देशों पर काम कर रहा था। 
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अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने दी प्रतिक्रिया
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए अमेरिकी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा कि गेर्शकोविच के खिलाफ लगाए गए आरोप बेबुनियाद है। उन्होंने कहा, "हम शुरू से ही कह रहे कि इवान गेर्शकोविच ने कुछ भी गलत नहीं किया। उन्हें कभी भी गिरफ्तार नहीं किया जाना चाहिए था। पत्रकारिता कोई अपराध नहीं है। उनके ऊपर लगे आरोप झूठे हैं। रूस के सरकार को भी मालूम है कि वे झूठे हैं। उन्हें तुरंत रिहा करना चाहिए।"
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मिलर ने कहा कि अमेरिका इवान गेर्शकोविच के साथ पूर्व अमेरिकी नौसैनिक व्हेलन की रिहाई के प्रयार को जारी रखेगा। बता दें कि व्हेलन को 2018 में मॉस्को में गिरफ्तार किया गया था। उनपर भी जासूसी के आरोप लगाए गए थे और 16 साल की सजा सुनाई गई। मिलर ने कहा, "जैसा कि हमने कहा था, कुछ दिन पहले हमले इवान और व्हेलन की रिहाई के लिए एक बड़ा प्रस्ताव रखा था। हम उनकी रिहाई सुनिश्चित करने के लिए काम कर रहे हैं।"


गिरफ्तार किए जाने के बाद 32 वर्षीय अमेरिकी पत्रकार को मॉस्को के नोटोरियस लेफोर्टोवो जेल में रखा गया है। विदेश मंत्रालय के एक अधिकारी ने गुरुवार को बताया कि इवान गेर्शकोविच की हिरासत और जांच प्रक्रिया खत्म हो चुकी है। हालांकि, इस मामले पर रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने कहा था कि गेर्शकोविच को रिहा करने के लिए अमेरिका के साथ समझौते पर बातचीत की जा सकती है। बता दें कि बढ़ते तनाव के बीच रूस ने कई अमेरिकी को हिरासत में लिया है। पिछले साल जून में रूसी-अमेरिकी पत्रकार अल्सु कुर्मासेवा को हिरासत में लिया गया था। जनवरी में बैलेरिना सेनिया कैरेलिना को हिरासत में लिया गया था। 
 
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