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Corona In China: तीन महीने में कोरोना की तीन लहरों की आशंका, बीजिंग में दो की मौत

Tue, 20 Dec 2022 04:57 AM IST
Amit Mandal एजेंसी, बीजिंग।
एजेंसी, बीजिंग। Published by: Amit Mandal Updated Tue, 20 Dec 2022 04:57 AM IST
सार

चीन के महामारी विशेषज्ञ डॉ. जुन्यो ने बताया कि फिलहाल देश कोरोना की पहली लहर से पीड़ित है और दूसरी लहर जनवरी के अंत में आने की आशंका है।

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Covid 19 in China: Fear of three waves of corona in three months, two died in Beijing
चीन में कोरोना - फोटो : Social media

विस्तार

चीन द्वारा उसकी सख्त शून्य-कोविड नीति में छूट देने के ठीक बाद से ही देशभर में संक्रमण और मौत के मामले बढ़ गए हैं। सोमवार को चीन के स्वास्थ्य प्राधिकारियों ने कोविड-19 से राजधानी बीजिंग में दो मौतों की पुष्टि की। उधर, चीन के शीर्ष स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वू जुन्यो ने कहा है कि यह संक्रमण वृद्धि अगले साल मार्च के मध्य तक तेजी से बढ़ेगी और इन तीन माह में 3 लहरों से पूरा देश प्रभावित होगा।

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चीन के महामारी विशेषज्ञ डॉ. जुन्यो ने बताया कि फिलहाल देश कोरोना की पहली लहर से पीड़ित है और दूसरी लहर जनवरी के अंत में आने की आशंका है। इस वक्त 21 जनवरी से चीन में सप्ताह भर का चीनी नव वर्ष समारोह चलेगा और लोग छुट्टियां बिताने परिवार के साथ यात्रा करेंगे। तीसरी लहर फरवरी अंत से मार्च के मध्य तक आ सकती है क्योंकि छुट्टी बिताने के बाद लोग काम पर लौटेंगे। डॉ. वू जुन्यो का यह बयान अमेरिका के एक प्रतिष्ठित शोध संस्थान की इस सप्ताह आई एक रिपोर्ट के बाद आया है जिसमें दावा किया गया था कि 2023 में कोविड संक्रमण से चीन में 10 लाख लोगों की मौत की आशंका है। इस बीच, चीन सरकार ने देश में चले विरोध प्रदर्शनों के दबाव में शून्य-कोविड नीति में छूट देने के बाद 7 दिसंबर से अब तक मौत का पहली बार विवरण जारी किया है। जबकि वास्तविकता यह है कि चीनी कब्रिस्तान में मृतक संख्या बढ़ती जा रही है। बता दें, स्वास्थ्य प्राधिकारी सिर्फ उन्हीं लोगों को कोविड-19 मृतक सूची में जोड़ते हैं जिनकी सीधे संक्रमण की वजह से मौत हुई और उन्हें मधुमेह व दिल की बीमारी नहीं थी। 
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चीन के टीके कम प्रभावी
चीन ने बताया है कि उसकी 90 फीसदी से अधिक आबादी का पूर्ण टीकाकरण हो गया है। हालांकि, 80 साल और उससे अधिक उम्र के आधे से कम ही लोगों को वैक्सीन की तीनों खुराक मिली है। जबकि बुजुर्गों को कोरोना के गंभीर लक्षणों से पीड़ित होने की आशंकाएं अधिक होती हैं। चीन ने कोविड के अपने टीके विकसित किए हैं। दावा है कि ये टीके दुनिया के बाकी देशों में उपयोग किए जाने वाले एमआरएनए टीकों की तुलना में कम प्रभावी हैं। ऐसे में फिलहाल बीजिंग और देश के अन्य शहरों के अस्पताल ताजा लहर से मुकाबला कर रहे हैं।
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बुजुर्गों में संक्रमण बढ़ने का डर
शून्य-कोविड नीति छोड़ने के बाद से चीन में नए मामलों का विस्फोट हुआ है। कई शहरों में बड़ी संख्या में लोग अपने घरों में अलग-थलग रह रहे हैं। चिंता जताई जा रही है कि चीन के स्वास्थ्य का बुनियादी ढांचा मरीजों की संख्या में तेजी से वृद्धि का सामना करने के लिए तैयार नहीं है। खासकर बुजुर्गों के मामले में, जिनमें से कई लोगों का अभी तक पूर्ण टीकाकरण तक नहीं किया गया है।

शंघाई के स्कूलों को ऑनलाइन करने के निर्देश
चीन के व्यावसायिक शहर शंघाई में वहां के प्रशासन ने कोविड के बढ़ते मामलों के बीच अपने अधिकांश स्कूलों को ऑनलाइन कक्षाएं लेने का आदेश दिया है। शंघाई के शिक्षा ब्यूरो के अनुसार, नर्सरी और चाइल्डकेयर सेंटर भी सोमवार से बंद कर दिए गए हैं। ब्यूरो ने चीनी सोशल मीडिया वीचैट पर पोस्ट एक बयान में सोमवार से ऑनलाइन कक्षाएं दोबारा शुरू करने की पुष्टि की। बयान में बताया गया है कि शिक्षकों और छात्रों के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए मौजूदा उपाय किए जा रहे हैं।


नए साल की छुट्टियों तक बंद रहेंगे स्कूल
ताजा फैसले का अर्थ है कि शंघाई में स्कूल 17 जनवरी से शुरू हो रही नए साल की छुट्टियों तक बंद रहेंगे। बता दें कि चीन में नया साल मनाने के लिए जनवरी-फरवरी के बीच स्कूलों में छुट्टी रहती है।

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