फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   World ›   Alabama woman suffering from dialysis got pig kidney transplanted

US: डायलिसिस से जूझ रही अलबामा की महिला ने सुअर की किडनी लगवाई, डॉक्टरों ने दी ये जानकारी

Wed, 18 Dec 2024 02:26 AM IST
शिव शुक्ला वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यूयॉर्क
वर्ल्ड डेस्क, अमर उजाला, न्यूयॉर्क Published by: शिव शुक्ला Updated Wed, 18 Dec 2024 02:26 AM IST
विज्ञापन
Alabama woman suffering from dialysis got pig kidney transplanted
किडनी (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : Freepik.com

अलबामा की टोवाना लूनी (53) में सुअर की किडनी का प्रत्यारोपण किया गया है। डॉक्टरों के अनुसार वह अब धीर-धीरे ठीक हो रही हैं। वह आठ साल से डायलिसिस से जूझ रही थीं। जानवरों के अंग के साथ मानव जीवन को बचाने का यह नया प्रयास है। टोवाना पांचवीं अमेरिकी हैं, जिन्हें सुअर का अंग दिया गया है। इससे पहले जिन्हें भी सुअर की किडनी या हार्ट दिया गया, उनकी दो महीने के अंदर मौत हो गई थी। टोवाना ने कहा, यह एक नई शुरुआत है। मैं अब बेहतर महसूस कर पा रही हूं। न्यूयॉर्क लैंगोन हेल्थ के डॉ. राबर्ट मॉन्टगोमरी ने कहा, लूनी की सर्जरी जेनोट्रांसप्लांटेशन की दिशा में एक अहम कदम है। वैज्ञानिक अगले साल से जेनोट्रांसप्लांटेशन पर आधाकारिक रूप से अध्ययन करने की तैयारी कर रहे हैं।

विज्ञापन


11 दिन बाद मिल गई थी छुट्टी
25 नवंबर को डायलिसिस करने वाले लूनी के सर्जन डॉ. जयमे लोके ने कहा, लूनी को सर्जरी के 11 दिन बाद ही अस्पताल से छुटटी दे दे गई थी। हालांकि, इस सप्ताह उन्हें फिर से भर्ती कर गया है। उम्मीद है वह तीन महीने में अलबामा स्थित अपने घर लौट जाएंगी। लोके ने कहा, अमेरिका में 10 हजार से अधिक लोग किडनी प्रत्यारोपण की सूची में हैं, इनमें से अधिकांश को किडनी की जरूरत है। लूनी का सफल प्रत्यारोपण एक उम्मीद की किरण की तरह है। उन्होंने कहा, यदि सुअर की किडनी खराब हो जाती है, तो वह फिर से डायलिसिस शुरू कर सकती हैं।
विज्ञापन

 
लूनी ने 1999 में अपनी मां को एक किडनी दी थी दान
लूनी ने 1999 में अपनी मां को एक किडनी दान दी थी। बाद में गर्भावस्था के दैरान बल्ड प्रेशर हो गया। लूनी ने बर्मिंघम में अलबामा विश्वविद्यालय में सुअर की किडनी पर शोध के बारे में सुना और लोके से कहा कि वह एक बार इसे जरूर आजमाना चाहेंगी। अप्रैल 2023 में डॉ. जयमे लोके ने लूनी जैसी लोगों को लिए सुअर की किडनी प्रत्यारोपण के लिए फेडरेशन ऑफ ड्रग्स (एफडीए) को आवदेन दिया। हालांकि, एफडीए ने तुरंत सहमती नहीं दी। क्योंकि इससे पहले जितने भी लोगों को सुअर की किडनी अथवा दिल का वाल्व लगाया गया था उनकी दो महीने के ही भीतर ही मौत हो गई थी। हालांकि, एफडीए की इजाजत के बाद लूनी का सफल प्रत्यारोपण हो चुका है। अब बस यह देखना है कि यह कितने दिनों तक चलता है।
विज्ञापन
विज्ञापन


सबसे पहले मैसाचुसेट्स अस्पताल में हुआ था प्रत्यारोपण
लोके ने बताया कि दुनिया का पहला सुअर किडनी प्रत्यारोपण मैसाचुसेट्स जनरल अस्पताल में दो बीमार रोगियों का हुआ था। दोनों को दिल की गंभीर बीमारी भी थी। एक मरीज एक महीना जिंदा रहा फिर अचानक कार्डियक अरेस्ट से मर गया। वहीं दूसरे मरीज को दिल संबंधी दिक्कतें थी, जिससे उसकी सुअर कि कीडनी बेकार हो गई। उसे निकालना पड़ा।और बाद में उसकी मृत्यु हो गई थी।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get latest World News headlines in Hindi related political news, sports news, Business news all breaking news and live updates. Stay updated with us for all latest Hindi news.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed