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निम और सीएनएसएजी के दल ने फतह किया माउंट ब्लांक
Tue, 24 Sep 2019 10:21 PM IST
देहरादून ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उत्तरकाशी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उत्तरकाशी
Published by: देहरादून ब्यूरो
Updated Tue, 24 Sep 2019 10:21 PM IST
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नेहरू पर्वतारोहण संस्थान (निम) और नेशनल माउंटेनियरिंग एंड रेस्कयू ट्रेनिंग सेंटर ऑफ जेंडरमेरी (सीएनएसएजी) फ्रांस के संयुक्त दल ने ऐल्प्स पर्वत श्रृंखला की सबसे ऊंची चोटी माउंट ब्लांक को फतह किया है। इस अभियान का आयोजन निम व सीएनएसएजी के एक्सचेंज प्रोग्राम के तहत किया गया था।
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बता दें कि वर्ष 2007 से ही निम और फ्रांस के सीएनएसएजी एक्सचेंज प्रोग्राम का संचालन कर रहे हैं। इसके तहत दोनों ही देशों के पर्वतारोही संस्थान अपनी तकनीकों व अन्य अनुभवों को आपस में साझा करते हैं। इसी क्रम में विगत 15 तारीख को निम के प्राचार्य कर्नल अमित बिष्ट के नेतृत्व में निम का पांच सदस्यीय दल फ्रांस के कैमोनिक्स शहर पहुंचा। जहां उन्होंने करीब नौ दिनों तक सीएनएसएजी संस्थान की टीम के साथ पर्वतारोहण व ट्रैकिंग से जुड़ी तकनीकों व अनुभवों को साझा किया।
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साथ ही पर्वतारोही अभियान के दौरान होने वाली दुर्घटनाओं के वक्त किए जाने वाले सर्च एंड रेस्कयू, हेलीकॉप्टर रेस्कयू, फर्स्ट एड आदि कार्यों का भी अभ्यास किया। इसी कार्यक्रम के दौरान निम और सीएनएसएजी के 12 सदस्यीय दल ने एल्प्स पर्वत श्रृंखला की सबसे ऊंची चोटी माउंट ब्लांक का भी आरोहण किया। अभियान के दौरान सभी पर्वतारोहियों ने दो-दो का समूह बनाकर एल्पाइन स्टाइल में चढ़ाई की और 21 तारीख को समुद्र तल से 4810 मीटर ऊंची चोटी माउंट ब्लांक को फतह किया।
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कार्यक्रम के समापन के बाद भारत लौटने की तैयारी कर रहे निम के प्राचार्य ने बताया कि इस एक्सचेंज प्रोग्राम से प्राप्त जानकारियों को निम के ट्रेनरों के साथ साझा किया जाएगा, ताकि वह यहां आने वाले प्रशिक्षुओं को पर्वतारोहण के क्षेत्र से जुड़ी एडवांस तकनीकों व उपकरणों की जानकारी दे सके। इस कार्यक्रम को आगे बढ़ाने के लिए सीएनएसएजी फ्रांस के दल को अगले वर्ष भारत आने का न्योता दिया गया है।