{"_id":"628f5e6791908b62f90a0a2b","slug":"increasing-number-of-passengers-and-rain-becoming-a-challenge-utter-kashi-news-drn4127818185","type":"story","status":"publish","title_hn":"यात्रियों की बढ़ती संख्या और बारिश बन रही चुनौती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यात्रियों की बढ़ती संख्या और बारिश बन रही चुनौती
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बीते चार दिनों से जनपद में तीर्थयात्रियों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। वहीं कुछ दिनों से बारिश भी हो रही है, जिससे प्रशासन के समक्ष व्यवस्थाएं बनाए रखना चुनौती बन गया है। प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चुुनौती सुरक्षित व व्यवस्थित यातायात है।
बीते चार दिनों से तीर्थयात्रियों की संख्या हर दिन 14 हजार का आंकड़ा पार कर रहा है। बड़ी संख्या में हर रोज यात्रा मार्गों पर बड़े व छोटे वाहन पहुंच रहे हैं। बारिश और यात्रियों की बढ़ती संख्या प्रशासन के लिए चुनौती और चिंता दोनों बन गई है। पुलिस प्रशासन को यातायात व्यवस्थित करने में मशक्कत करनी पड़ रही है। प्रशासन का कहना है कि तेज बारिश होने पर अधिकांश यात्री मार्गों पर रुक जाते हैं। बारिश के दौरान सबसे अधिक खराब स्थिति यमुनोत्री हाईवे पर होती है, क्योंकि यहां सड़क चौड़ीकरण का कार्य भी चल रहा है। बारिश से चौड़ीकरण का मलबा यातायात को प्रभावित करता है, वहीं गंगोत्री मार्ग कई स्थानों पर काफी संकरा है।
- मौसम खराब होने पर यातायात व्यवस्था एक चुनौती है। बारिश में अक्सर यात्री रुक जाते हैं और जैसे ही बारिश बंद होती है सब एक साथ चलना शुरू कर देते हैं। ऐसे में जाम की स्थिति पैदा होती है। फिर भी जितना संभव है, उतनी व्यवस्था की जा रही है। -प्रशांत कुमार, सीओ, ट्रैफिक उत्तरकाशी।
विज्ञापन
विज्ञापन
बीते चार दिनों से तीर्थयात्रियों की संख्या हर दिन 14 हजार का आंकड़ा पार कर रहा है। बड़ी संख्या में हर रोज यात्रा मार्गों पर बड़े व छोटे वाहन पहुंच रहे हैं। बारिश और यात्रियों की बढ़ती संख्या प्रशासन के लिए चुनौती और चिंता दोनों बन गई है। पुलिस प्रशासन को यातायात व्यवस्थित करने में मशक्कत करनी पड़ रही है। प्रशासन का कहना है कि तेज बारिश होने पर अधिकांश यात्री मार्गों पर रुक जाते हैं। बारिश के दौरान सबसे अधिक खराब स्थिति यमुनोत्री हाईवे पर होती है, क्योंकि यहां सड़क चौड़ीकरण का कार्य भी चल रहा है। बारिश से चौड़ीकरण का मलबा यातायात को प्रभावित करता है, वहीं गंगोत्री मार्ग कई स्थानों पर काफी संकरा है।
विज्ञापन
- मौसम खराब होने पर यातायात व्यवस्था एक चुनौती है। बारिश में अक्सर यात्री रुक जाते हैं और जैसे ही बारिश बंद होती है सब एक साथ चलना शुरू कर देते हैं। ऐसे में जाम की स्थिति पैदा होती है। फिर भी जितना संभव है, उतनी व्यवस्था की जा रही है। -प्रशांत कुमार, सीओ, ट्रैफिक उत्तरकाशी।
विज्ञापन