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अभी कुछ विभागों ने ही किया भटवाड़ी का रुख
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- फोटो : amarujala
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उत्तरकाशी। सालों पहले भटवाड़ी तहसील मुख्यालय स्थित दफ्तर छोड़ चुके अधिकारी-कर्मचारियों को अब पुन: अपने दफ्तर आबाद करने में मशक्कत करनी पड़ रही है। उपकोषागार के कर्मचारियों ने दूसरे दिन भी भटवाड़ी में दफ्तर के लिए भवन की तलाश की। डीएम के आदेश के बावजूद अभी अन्य विभाग भटवाड़ी नहीं पहुंचे हैं। ग्रामीणों ने एसडीएम समेत सभी सरकारी दफ्तर आबाद होने तक आंदोलन जारी रखने का एलान किया है।
वर्ष 1991 के भूकंप के पहले तक भटवाड़ी तहसील मुख्यालय पर दो दर्जन से ज्यादा सरकारी विभागों के दफ्तर थे। भूकंप के बाद अधिकांश विभाग जिला मुख्यालय पलायन कर गए। रही सही कसर वर्ष 2010 की आपदा ने पूरी कर दी। इसके बाद तो तहसील के कर्मचारी भी यहां नहीं बैठते। ग्रामीण बीते 16 दिन से कार्यालय आबाद करने की मांग को लेकर तहसील परिसर पर धरने पर डटे हुए हैं। आंदोलन कर रहे कुशला प्रसाद रतूड़ी, राजेश रतूड़ी, संजीव नौटियाल, विपिन राणा, रघुवीर सिंह, सुनील रावत, महादेव नौटियाल, कन्हैया नौटियाल, संजय सेमवाल, नवीन, जगमोहन रावत आदि का कहना है कि एसडीएम समेत सभी दफ्तर आबाद होने तक वे आंदोलन जारी रखेंगे।
डीएम के आदेश के बाद बाल विकास विभाग ने भटवाड़ी का दफ्तर चालू कर दिया है। तहसीलदार प्रेम सिंह रावत समेत अन्य कर्मचारियों ने कामकाज शुरू कर दिया है। उपकोषागार के कर्मचारी अभी दफ्तर के लिए भवन की तलाश में जुटे हैं। उन्होंने ब्लाक कार्यालय के साथ ही ग्राम पंचायत के भवन का निरीक्षण किया। डीएम डा. आशीष चौहान ने कहा कि भटवाड़ी में स्थापित सभी विभागों को वहीं से कामकाज संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्देशों का अनुपालन नहीं करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
वर्ष 1991 के भूकंप के पहले तक भटवाड़ी तहसील मुख्यालय पर दो दर्जन से ज्यादा सरकारी विभागों के दफ्तर थे। भूकंप के बाद अधिकांश विभाग जिला मुख्यालय पलायन कर गए। रही सही कसर वर्ष 2010 की आपदा ने पूरी कर दी। इसके बाद तो तहसील के कर्मचारी भी यहां नहीं बैठते। ग्रामीण बीते 16 दिन से कार्यालय आबाद करने की मांग को लेकर तहसील परिसर पर धरने पर डटे हुए हैं। आंदोलन कर रहे कुशला प्रसाद रतूड़ी, राजेश रतूड़ी, संजीव नौटियाल, विपिन राणा, रघुवीर सिंह, सुनील रावत, महादेव नौटियाल, कन्हैया नौटियाल, संजय सेमवाल, नवीन, जगमोहन रावत आदि का कहना है कि एसडीएम समेत सभी दफ्तर आबाद होने तक वे आंदोलन जारी रखेंगे।
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डीएम के आदेश के बाद बाल विकास विभाग ने भटवाड़ी का दफ्तर चालू कर दिया है। तहसीलदार प्रेम सिंह रावत समेत अन्य कर्मचारियों ने कामकाज शुरू कर दिया है। उपकोषागार के कर्मचारी अभी दफ्तर के लिए भवन की तलाश में जुटे हैं। उन्होंने ब्लाक कार्यालय के साथ ही ग्राम पंचायत के भवन का निरीक्षण किया। डीएम डा. आशीष चौहान ने कहा कि भटवाड़ी में स्थापित सभी विभागों को वहीं से कामकाज संचालित करने के निर्देश दिए गए हैं। निर्देशों का अनुपालन नहीं करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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