फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   uttarakhand hospital condition.

बाबूगिरी संभाल रहे डाक्टर, अस्पतालों में टोटा

Sun, 17 Apr 2016 11:53 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून
ब्यूरो/अमर उजाला, देहरादून Updated Sun, 17 Apr 2016 11:53 AM IST
विज्ञापन
uttarakhand hospital condition.
दून अस्पताल - फोटो : file photo

प्रदेश के सरकारी अस्पतालों में जहां चिकित्सकों का टोटा है, वहीं दूसरी ओर डॉक्टर कार्यालयों में बाबूगिरी संभाल रहे हैं। चिकित्सकों की तैनाती भी तर्कसंगत तरीके से नहीं की गई है। यही कारण है नेशनल हेल्थ मिशन के सेंटर रिव्यू मिशन ने भी डाक्टरों की तर्कसंगत नियुक्ति न होने पर नाराजगी जताई है। 

विज्ञापन


प्रदेश में चिकित्सकों के करीब एक तिहाई पद खाली हैं। पिछले कुछ वर्षों के दौरान चिकित्सकों की नियुक्ति भी असमान और मनमाने तरीके से की गई, जिसके कारण स्थिति ज्यादा बिगड़ी है। 
विज्ञापन


प्रदेश में चिकित्सकों के कुल 2699 पद स्वीकृत हैं, जिनमें से केवल 1080 पर ही चिकित्सक तैनात हैं। विशेषकर पहाड़ी क्षेत्र के अस्पतालों में चिकित्सकों का भारी टोटा है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

 
प्रशासनिक पदों पर बैठे चिकित्सक बाबू बनकर रह गए
वहीं बड़ी संख्या में ऐसे भी चिकित्सक हैं, जिनका मरीजों को लाभ नहीं मिल पा रहा है। प्रशासनिक पदों पर बैठे यह चिकित्सक दफ्तरों में महज बाबू बनकर रह गए हैं। इसके चलते चिकित्सकों की संख्या देखने में तो ज्यादा लग रही है लेकिन फील्ड में उनकी खासी कमी बनी हुई है। 

मार्च अंत में पहुंची एनएचएम के सेंटर रिव्यू मिशन की टीम ने भी इस पर नाराजगी जताई थी। टीम ने चार साल बाद भी प्रदेश में चिकित्सकों की तर्कसंगत नियुक्ति न होने पर अधिकारियों को फटकार लगाई। मिशन के संयुक्त सचिव सीके मिश्रा ने कहा कि असमान वितरण के चलते कई क्षेत्रों में अस्पताल पूरी तरह खाली पड़े हुए हैं। 

पहाड़ों में स्थिति ज्यादा खराब
प्रदेश के पहाड़ी जिलों में स्थित अस्पतालों की दशा ज्यादा खराब है। पहाड़ी क्षेत्र के ज्यादातर अस्पताल चिकित्सक विहीन है। दूरस्थ और दुर्गम ही नहीं बल्कि छोटे-मोटे कस्बों और नगरों में भी चिकित्सकों के अधिकांश पद खाली है। 



चिकित्सकों के पदों को भरने का प्रयास किया जा रहा है। मेडिकल चयन बोर्ड भी इस दिशा में कार्रवाई कर रहा है। बाकी जिन चिकित्सकों की दफ्तरों में पोस्टिंग है, वह जरूरत के अनुसार ही की गई है। 
- डा. कुसुम नरियाल, स्वास्थ्य महानिदेशक

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed