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साकेतनगर के लोगों ने विधायक चीमा को घेरा
अमर उजाला ब्यूरो काशीपुर
Updated Fri, 06 Jan 2017 11:47 PM IST
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काशीपुर में विधायक चीमा का घेराव करते साकेतनगर के लोग
- फोटो : अमर उजाला
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साकेतनगर के लोगों ने विधायक चीमा को घेरा अमर उजाला ब्यूरो काशीपुर। साकेतनगर के वाशिंदों ने विधायक हरभजन सिंह चीमा का घेराव किया। उन्होंने प्रशासन की ओर से कालोनी के लोगों को जसपुर विधानसभा में शामिल करने की कवायद पर विरोध जताया।
शुक्रवार को विधायक चीमा का उनके ही कार्यालय में घेराव कर लोगों ने कहा कि वे 30 साल से साकेतनगर में रह रहे हैं। उनके मकानों की रजिस्ट्री भी काशीपुर नगर निगम में हैं। कई लोग हाउस टैक्स भी दे रहे हैं। वह विधानसभा, लोकसभा और नगर निगम के चुनाव में डिजाइन सेंटर में बने बूथ में वोट डालते हैं। अब उनको जसपुर विधानसभा में शामिल करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। यह नगर निगम नोटिफिकेशन के नियम के खिलाफ है। विधायक चीमा ने कहा कि किसी के साथ अन्याय नहीं होगा। उन्होंने मेयर उषा चौधरी, एसडीएम दयानंद सरस्वती और एमएनए उत्तम सिंह चौहान से वार्ता की। कहा कि नागरिक साक्ष्य और तथ्यों के आधार पर साकेतनगर काशीपुर का ही हिस्सा है।
घेराव करने वालों में शीला देवी, संतोष, राजकुमार चौहान, वीरबल सिंह, गुंजन सिंह, राजीव कुमार, उषा कुमारी, बलवंत सिंह आदि मौजूद रहे। इंसेट: काशीपुर में ही रहेगा साकेतनगर काशीपुर। सहायक निर्वाचन अधिकारी/ एसडीएम दयानंद सरस्वती ने कहा कि साकेत नगर के पुनरीक्षण कार्य में लगे कर्मचारियों को तथ्यों और नगर निगमों की जानकारी नहीं होने की वजह से यह विवाद पैदा हुआ था। सर्वे और जांच पड़ताल के आधार पर साकेत नगर को नगर निगम काशीपुर की सीमा के भीतर ही पाया गया है।
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शुक्रवार को विधायक चीमा का उनके ही कार्यालय में घेराव कर लोगों ने कहा कि वे 30 साल से साकेतनगर में रह रहे हैं। उनके मकानों की रजिस्ट्री भी काशीपुर नगर निगम में हैं। कई लोग हाउस टैक्स भी दे रहे हैं। वह विधानसभा, लोकसभा और नगर निगम के चुनाव में डिजाइन सेंटर में बने बूथ में वोट डालते हैं। अब उनको जसपुर विधानसभा में शामिल करने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं। यह नगर निगम नोटिफिकेशन के नियम के खिलाफ है। विधायक चीमा ने कहा कि किसी के साथ अन्याय नहीं होगा। उन्होंने मेयर उषा चौधरी, एसडीएम दयानंद सरस्वती और एमएनए उत्तम सिंह चौहान से वार्ता की। कहा कि नागरिक साक्ष्य और तथ्यों के आधार पर साकेतनगर काशीपुर का ही हिस्सा है।
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घेराव करने वालों में शीला देवी, संतोष, राजकुमार चौहान, वीरबल सिंह, गुंजन सिंह, राजीव कुमार, उषा कुमारी, बलवंत सिंह आदि मौजूद रहे। इंसेट: काशीपुर में ही रहेगा साकेतनगर काशीपुर। सहायक निर्वाचन अधिकारी/ एसडीएम दयानंद सरस्वती ने कहा कि साकेत नगर के पुनरीक्षण कार्य में लगे कर्मचारियों को तथ्यों और नगर निगमों की जानकारी नहीं होने की वजह से यह विवाद पैदा हुआ था। सर्वे और जांच पड़ताल के आधार पर साकेत नगर को नगर निगम काशीपुर की सीमा के भीतर ही पाया गया है।
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