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सीएमएस और हड्डी रोग विशेषज्ञ के विवाद में पिस रहे मरीज
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काशीपुर। सीएमएस और आर्थोपैडिक सर्जन के बीच चल रहे मतभेदों का खामियाजा जरूरतमंद मरीजों को उठाना पड़ रहा है। उनके बीच परस्पर विवाद के चलते अटल आयुष्मान योजना के तहत पिछले एक पखवाड़े से हड्डी से संबंधित ऑपरेशन नहीं हो पा रहे हैं। ऐसे में कई मरीजों को अस्पताल से बगैर ऑपरेशन के ही लौटना पड़ रहा है। प्रकरण का संज्ञान लेते हुए सीएमओ ने रुद्रपुर जेएनएल अस्पताल के हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. धर्मेंद्र त्रिपाठी को जांच सौंपी है।
काशीपुर के तत्कालीन सीएमएस डॉ. पीके सिन्हा के स्थानांतरण के बाद जनवरी, 2022 में नेत्र सर्जन डॉ. कैमाश राणा को सरकारी अस्पताल में सीएमएस का चार्ज सौंपा गया था। शुरू में सीएमएस डॉ. राणा के साथ हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव गुप्ता के बीच तालमेल ठीक रहा। दोनों के बीच मतभेद होने लगे। अस्पताल में एनेसथिसिया डॉक्टर की संविदा नियुक्ति के बावजूद बीते एक पखवाड़े से अटल आयुष्मान योजना के तहत हड्डी के ऑपरेशन नहीं हो पा रहे हैं। इससे पूर्व अटल आयुष्मान में कई रोगियों के आपरेशन किए जा रहे हैं। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव ने कहा कि उनकी ओर से ऑपरेशन के उपकरणों के लिए मांगपत्र दिया जाता है लेकिन उनके मांगपत्र को स्वीकार नहीं किया जा रहा है।
सीएमएस डॉ. कैमाश राणा का कहना है कि उनकी ओर से मांगपत्र तकनीकि रूप से गलत दिया जाता है। मांगपत्र भेजे जाने के बावजूद उपकरणों का विवरण सही न होने के कारण कंपनी सामान की सप्लाई नहीं कर रही। ऐसा सिर्फ एक बार हुआ है, उसके बाद डॉ. राजीव ने कोई मांगपत्र ही नहीं दिया। जनरल सर्जरी, सिजेरियन के ऑपरेशन आयुष्मान कार्ड से लगातार हो रहे हैं।
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उन्होंने डॉ. राजीव का स्पष्टीकरण भी तलब किया है। डॉ. राजीव ने सीएमएस पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए सीएमओ से शिकायत की है। सीएमओ डॉ. सुनीता रतूड़ी चुफाल ने बताया कि प्रकरण उनके संज्ञान में है। दीपावली की छुट्टियों के कारण अभी कार्रवाई नहीं हो सकी है। एक-दो दिन में जांच रिपोर्ट मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। जल्द ही इस समस्या का समाधान हो जाएगा।
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काशीपुर के तत्कालीन सीएमएस डॉ. पीके सिन्हा के स्थानांतरण के बाद जनवरी, 2022 में नेत्र सर्जन डॉ. कैमाश राणा को सरकारी अस्पताल में सीएमएस का चार्ज सौंपा गया था। शुरू में सीएमएस डॉ. राणा के साथ हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव गुप्ता के बीच तालमेल ठीक रहा। दोनों के बीच मतभेद होने लगे। अस्पताल में एनेसथिसिया डॉक्टर की संविदा नियुक्ति के बावजूद बीते एक पखवाड़े से अटल आयुष्मान योजना के तहत हड्डी के ऑपरेशन नहीं हो पा रहे हैं। इससे पूर्व अटल आयुष्मान में कई रोगियों के आपरेशन किए जा रहे हैं। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. राजीव ने कहा कि उनकी ओर से ऑपरेशन के उपकरणों के लिए मांगपत्र दिया जाता है लेकिन उनके मांगपत्र को स्वीकार नहीं किया जा रहा है।
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सीएमएस डॉ. कैमाश राणा का कहना है कि उनकी ओर से मांगपत्र तकनीकि रूप से गलत दिया जाता है। मांगपत्र भेजे जाने के बावजूद उपकरणों का विवरण सही न होने के कारण कंपनी सामान की सप्लाई नहीं कर रही। ऐसा सिर्फ एक बार हुआ है, उसके बाद डॉ. राजीव ने कोई मांगपत्र ही नहीं दिया। जनरल सर्जरी, सिजेरियन के ऑपरेशन आयुष्मान कार्ड से लगातार हो रहे हैं।
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उन्होंने डॉ. राजीव का स्पष्टीकरण भी तलब किया है। डॉ. राजीव ने सीएमएस पर कई गंभीर आरोप लगाते हुए सीएमओ से शिकायत की है। सीएमओ डॉ. सुनीता रतूड़ी चुफाल ने बताया कि प्रकरण उनके संज्ञान में है। दीपावली की छुट्टियों के कारण अभी कार्रवाई नहीं हो सकी है। एक-दो दिन में जांच रिपोर्ट मिलने पर कार्रवाई की जाएगी। जल्द ही इस समस्या का समाधान हो जाएगा।