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तीन सप्ताह में चार लाख, 39 हजार, 520 रुपये वापस दिलवाए
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ललित जोशी, प्रभारी, साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन कुमाऊं।
- फोटो : RUDRAPUR
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साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन कुमाऊं की टीम पर साइबर की ठगी के मामलों में बड़ी सफलता प्राप्त की है। टीम ने साइबर ठगों पर नकेल कसते हुए तीन सप्ताह के भीतर साइबर ठगी के चार लाख 39 हजार 520 रुपये पीड़ितों को वापस दिलवाए। साइबर ठगों ने नई-नई तकनीक से यह धनराशि लोगों से ठगी थी।
रुद्रपुर में जनवरी 2021 से रुद्रपुर में कुमाऊं परिक्षेत्र का साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन संचालित हो रहा है। यहां पर पुलिस को लगातार साइबर ठगी की शिकायतें सामने आ रही थीं। साइबर पुलिस स्टेशन की टीम ने साइबर ठगों पर नकेल कसने के लिए मिशन ई-सुरक्षा चक्र के तहत विशेष अभियान चलाया।
इसके चलते पिछले तीन सप्ताह में चार लाख, 39 हजार, 520 रुपये की साइबर ठगी की धनराशि पीड़ितों के बैंक खातों में वापस करा दी है। साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन के प्रभारी ललित जोशी ने कहा कि जिन लोगों के बैंक खातों में उनका धन वापस भेजा गया है, उनमें रुद्रपुर के सर्वाधिक 15 लोग हैं, जबकि एक खटीमा और एक सितारगंज निवासी हैं। जोशी ने कहा कि लोग सावधानी बरतकर साइबर ठगी की घटनाओं से बच सकते हैं।
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साइबर ठगी से बचने के उपाय
1- किसी अनजान व्यक्ति के बहकावे में आकर एनी डेस्क, क्विक सपोर्ट, आदि एप डाउनलोड न करें।
2-किसी अजनबी के एसएमएस का जवाब न दें।
3-केवाईसी अपडेट, मोबाइल नंबर बंद होने संबंधी कॉल आने पर जानकारी शेयर न करें।
4-किसी अनजान व्यक्ति अथवा महिला से किसी भी सोशल साइट पर दोस्ती का प्रस्ताव स्वीकार न करें।
5- अनजान व्यक्ति की ओर से भेजे गए किसी भी पेमेंट गेटवे, वॉलेट या मोबाइल एप्लीकेशन पर धनराशि प्राप्त करने के लिए न तो क्यूआर कोड स्कैन करें, न ही यूपीआई पिन डालें।
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रुद्रपुर में जनवरी 2021 से रुद्रपुर में कुमाऊं परिक्षेत्र का साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन संचालित हो रहा है। यहां पर पुलिस को लगातार साइबर ठगी की शिकायतें सामने आ रही थीं। साइबर पुलिस स्टेशन की टीम ने साइबर ठगों पर नकेल कसने के लिए मिशन ई-सुरक्षा चक्र के तहत विशेष अभियान चलाया।
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इसके चलते पिछले तीन सप्ताह में चार लाख, 39 हजार, 520 रुपये की साइबर ठगी की धनराशि पीड़ितों के बैंक खातों में वापस करा दी है। साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन के प्रभारी ललित जोशी ने कहा कि जिन लोगों के बैंक खातों में उनका धन वापस भेजा गया है, उनमें रुद्रपुर के सर्वाधिक 15 लोग हैं, जबकि एक खटीमा और एक सितारगंज निवासी हैं। जोशी ने कहा कि लोग सावधानी बरतकर साइबर ठगी की घटनाओं से बच सकते हैं।
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साइबर ठगी से बचने के उपाय
1- किसी अनजान व्यक्ति के बहकावे में आकर एनी डेस्क, क्विक सपोर्ट, आदि एप डाउनलोड न करें।
2-किसी अजनबी के एसएमएस का जवाब न दें।
3-केवाईसी अपडेट, मोबाइल नंबर बंद होने संबंधी कॉल आने पर जानकारी शेयर न करें।
4-किसी अनजान व्यक्ति अथवा महिला से किसी भी सोशल साइट पर दोस्ती का प्रस्ताव स्वीकार न करें।
5- अनजान व्यक्ति की ओर से भेजे गए किसी भी पेमेंट गेटवे, वॉलेट या मोबाइल एप्लीकेशन पर धनराशि प्राप्त करने के लिए न तो क्यूआर कोड स्कैन करें, न ही यूपीआई पिन डालें।