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Udham Singh Nagar News: अलनीनो पड़ रहा कमजोर, भारत में अच्छे मानसून की उम्मीद

Wed, 14 Feb 2024 11:42 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर Updated Wed, 14 Feb 2024 11:42 PM IST
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El Nino is weakening, hope for good monsoon in India
पंतनगर। 2023 को अधिक गर्म मौसम वाला वर्ष बनाने के बाद अलनीनो का प्रभाव इस वर्ष जून तक खत्म हो जाएगा। मौसम वैज्ञानिकों ने अनुमान जताया है कि इसके चलते इस बार मानसून में अच्छी बारिश होने की उम्मीद बढ़ गई है।
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जीबी पंत कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के मौसम विशेषज्ञ डॉ. आरके सिंह ने बताया कि दो वैश्विक जलवायु एजेंसी ने पिछले सप्ताह घोषणा की है कि दुनिया भर के मौसम को प्रभावित करने वाला अलनीनो कमजोर होना शुरू हो गया है। अगस्त तक ला नीनो की स्थितियां बनने की संभावना है। अलनीनो भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर में पानी के गर्म होने की प्रक्रिया है। पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के पूर्व सचिव माधवन राजीवन ने कहा है कि अगर अलनीनो, ईएनएसओ (अल नीनो साउदर्न आइसोलेशन) न्यूट्रल स्थितियों में परिवर्तित हो गया तो भी इस वर्ष मानसून पिछले साल की तुलना में बेहतर होगा।
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क्या है अल-नीनो और ला-नीनो
पंतनगर। अल नीनो प्रशांत महासागर में असामान्य रूप से गर्म पानी के जलवायु प्रभाव का नाम है। इस प्रभाव से हवाएं कमजोर हो जाती हैं और गर्म पानी अमेरिकी महाद्वीपों के पश्चिमी किनारों की ओर जाने लगता है और प्रशांत महासागर में चलने वाली हवाएं दक्षिण की ओर जाने लगती हैं। इससे दक्षिणी प्रशांत महासागर के तटीय इलाकों का समुद्री पानी गर्म हो जाता है। अल नीनो का असर हर दो से सात साल में होता है, जो जलवायु परिवर्तन का कारण बनता है। इसके अलावा एक और प्रभाव भी प्रशांत महासागर के इसी इलाकों में होता है, जिसे ला नीनो कहते हैं। यह अल नीनो के ठीक विपरीत होता है, भारत में इससे ठंड बहुत बढ़ जाती है। संवाद
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अभी दो दिन और छाए रहेंगे बादल, पर्वतीय क्षेत्रों में बर्फबारी की संभावना
पंतनगर। विवि के निदेशक शोध और मौसम विशेषज्ञ डॉ. एएस नैन ने बताया कि इस बार के मौसम का पैटर्न पूर्व की अपेक्षा बिल्कुल अलग रहा है। इस बार ठंड देर से आई और देर तक रही है। इसका कारण पश्चिमी विक्षोभ थोड़ी देर से सक्रिय हुए। अब जो कोहरा और बादल छंटे हैं, उससे तापमान में हल्की वृद्धि हुई है। साथ ही पश्चिमी विक्षोभ की संख्या भी बढ़नी शुरू हो गई है। अभी आने वाले दो दिनों में मैदानी क्षेत्रों में बादल छाये रहेंगे, परंतु बारिश की संभावना नहीं है। कुछ जगहों पर हल्की बूंदाबांदी हो सकती है। उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश के साथ बर्फ पड़ने की संभावना है। संवाद
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