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Udham Singh Nagar News: खाली प्लॉटों में पल रहा खतरा... हर घर में डर, जिम्मेदार बेखबर
Fri, 17 Jul 2026 01:02 AM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Fri, 17 Jul 2026 01:02 AM IST
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काशीपुर। पुष्पक विहार महादेव कॉलोनी में बुधवार को खाली प्लॉट में भरे बरसाती पानी में डूबकर पांच और छह वर्षीय दो मासूमों की मौत ने एक बार फिर शहर की बड़ी लापरवाही को उजागर कर दिया। पिछले दो वर्षों में इसी तरह कई लोगों की जान जा चुकी है। न तो प्रशासन ने स्थायी समाधान किया और न ही नगर निगम ने ऐसे प्लॉटों को सुरक्षित बनाने की दिशा में प्रभावी कदम उठाए।
बृहस्पतिवार को शहर की विभिन्न कॉलोनियों में संवाद न्यूज एजेंसी ने पड़ताल की। मुरादाबाद रोड, प्रभु विहार, द्रोणासागर क्षेत्र और पुष्पक विहार समेत कई आवासीय इलाकों में खाली और गहरे प्लॉट आज भी बरसाती पानी से लबालब हैं। कहीं पानी कई फीट गहरा है तो कहीं दलदल बन चुका है। अधिकांश स्थानों पर न तो बैरिकेडिंग है, न चेतावनी बोर्ड और न ही पानी निकासी की कोई व्यवस्था।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात शुरू होते ही ये खाली प्लॉट मौत के कुंड में बदल जाते हैं। दिनभर बच्चों की आवाजाही बनी रहती है और थोड़ी-सी चूक किसी बड़े हादसे में बदल सकती है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग शिकायतों के बाद भी सिर्फ आश्वासन तक सीमित हैं। बरसाती पानी से सिर्फ डूबने का खतरा ही नहीं, बल्कि मच्छरों का प्रकोप, बदबू, जहरीले जीव-जंतुओं का डर और घरों में सीलन जैसी समस्याएं भी लगातार बढ़ रही हैं। कई कॉलोनियों में लोगों को बच्चों को घर से बाहर भेजने से पहले बार-बार निगरानी करनी पड़ती है।
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इनसेट
पिछले हादसों से नहीं लिया सबक
16 जुलाई 2026: पुष्पक विहार महादेव कॉलोनी में खाली प्लॉट में भरे पानी में डूबकर पांच और छह वर्षीय दो मासूमों की मौत।
24 अगस्त 2025: महेशपुरा मदर कॉलोनी निवासी इस्लामुद्दीन उर्फ मुन्ना का ढाई वर्षीय बेटा मोहम्मद जैद घर के पास खाली प्लॉट में भरे पानी से गेंद उठाने गया और डूबने से उसकी मौत हो गई।
2 जुलाई 2025: पैगा पुलिस चौकी क्षेत्र में छह वर्षीय जुबैर की निर्माणाधीन मकान के सीवर टैंक में गिरने से मौत।
अगस्त 2024: मदर कॉलोनी में खाली प्लॉट में भरे पानी में डूबने से 35 वर्षीय व्यक्ति की जान चली गई।
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लोगों का दर्द.......
1. मच्छरों और दलदल ने जीना मुश्किल कर दिया
प्रभु विहार कॉलोनी निवासी नरेश गोस्वामी ने बताया कि गहरे खाली प्लॉटों में बरसात का गंदा पानी महीनों जमा रहता है। न तो पानी निकाला जाता है और ना ही मच्छररोधी दवाइयों का छिड़काव होता है। कई फीट गहरे इन गड्ढों में बच्चा ही नहीं बड़ा व्यक्ति भी डूब सकता है।
2. हर रात जहरीले जीवों का डर बना रहता है
प्रसादीलाल बाग कॉलोनी निवासी संजय अग्रवाल ने कहा कि पानी भरने से रात में आवाजाही जोखिम भरी हो गई है। सांप-बिच्छू निकलने का खतरा बना रहता है। छोटे बच्चों को अकेले बाहर भेजने की हिम्मत नहीं होती।
3. पानी से बदबू, सीलन और कमजोर हो रही नींव
खड़कपुर देवीपुरा रोड निवासी रविंद्र सैनी ने बताया कि वर्षों से खाली प्लॉटों में पानी भरता है। इससे बदबू फैलती है, घरों में सीलन आ रही है और मकानों की नींव भी प्रभावित हो रही है। बावजूद इसके पानी निकालने की कोई व्यवस्था नहीं की जाती।
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कोट -
नगर निगम व राजस्व विभाग की टीम से शहर के अंदर खाली प्लाटों का दोबारा चिह्नीकरण कराकर उनके स्वामियों को नोटिस भेजा जाएगा। प्लॉट में पानी जमा होने पर उचित कार्रवाई की जाएगी। -अभय प्रताप सिंह, एसडीएम, काशीपुर
खाली प्लॉटों को चिन्हीकरण किया जाएगा। प्लाॅटों में पानी जमा होने पर निगम की ओर से खाली कराया जाएगा। मृतक परिवारों को मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा। - दीपक बाली, मेयर, काशीपुर
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बृहस्पतिवार को शहर की विभिन्न कॉलोनियों में संवाद न्यूज एजेंसी ने पड़ताल की। मुरादाबाद रोड, प्रभु विहार, द्रोणासागर क्षेत्र और पुष्पक विहार समेत कई आवासीय इलाकों में खाली और गहरे प्लॉट आज भी बरसाती पानी से लबालब हैं। कहीं पानी कई फीट गहरा है तो कहीं दलदल बन चुका है। अधिकांश स्थानों पर न तो बैरिकेडिंग है, न चेतावनी बोर्ड और न ही पानी निकासी की कोई व्यवस्था।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात शुरू होते ही ये खाली प्लॉट मौत के कुंड में बदल जाते हैं। दिनभर बच्चों की आवाजाही बनी रहती है और थोड़ी-सी चूक किसी बड़े हादसे में बदल सकती है। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग शिकायतों के बाद भी सिर्फ आश्वासन तक सीमित हैं। बरसाती पानी से सिर्फ डूबने का खतरा ही नहीं, बल्कि मच्छरों का प्रकोप, बदबू, जहरीले जीव-जंतुओं का डर और घरों में सीलन जैसी समस्याएं भी लगातार बढ़ रही हैं। कई कॉलोनियों में लोगों को बच्चों को घर से बाहर भेजने से पहले बार-बार निगरानी करनी पड़ती है।
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पिछले हादसों से नहीं लिया सबक
16 जुलाई 2026: पुष्पक विहार महादेव कॉलोनी में खाली प्लॉट में भरे पानी में डूबकर पांच और छह वर्षीय दो मासूमों की मौत।
24 अगस्त 2025: महेशपुरा मदर कॉलोनी निवासी इस्लामुद्दीन उर्फ मुन्ना का ढाई वर्षीय बेटा मोहम्मद जैद घर के पास खाली प्लॉट में भरे पानी से गेंद उठाने गया और डूबने से उसकी मौत हो गई।
2 जुलाई 2025: पैगा पुलिस चौकी क्षेत्र में छह वर्षीय जुबैर की निर्माणाधीन मकान के सीवर टैंक में गिरने से मौत।
अगस्त 2024: मदर कॉलोनी में खाली प्लॉट में भरे पानी में डूबने से 35 वर्षीय व्यक्ति की जान चली गई।
लोगों का दर्द.......
1. मच्छरों और दलदल ने जीना मुश्किल कर दिया
प्रभु विहार कॉलोनी निवासी नरेश गोस्वामी ने बताया कि गहरे खाली प्लॉटों में बरसात का गंदा पानी महीनों जमा रहता है। न तो पानी निकाला जाता है और ना ही मच्छररोधी दवाइयों का छिड़काव होता है। कई फीट गहरे इन गड्ढों में बच्चा ही नहीं बड़ा व्यक्ति भी डूब सकता है।
2. हर रात जहरीले जीवों का डर बना रहता है
प्रसादीलाल बाग कॉलोनी निवासी संजय अग्रवाल ने कहा कि पानी भरने से रात में आवाजाही जोखिम भरी हो गई है। सांप-बिच्छू निकलने का खतरा बना रहता है। छोटे बच्चों को अकेले बाहर भेजने की हिम्मत नहीं होती।
3. पानी से बदबू, सीलन और कमजोर हो रही नींव
खड़कपुर देवीपुरा रोड निवासी रविंद्र सैनी ने बताया कि वर्षों से खाली प्लॉटों में पानी भरता है। इससे बदबू फैलती है, घरों में सीलन आ रही है और मकानों की नींव भी प्रभावित हो रही है। बावजूद इसके पानी निकालने की कोई व्यवस्था नहीं की जाती।
कोट -
नगर निगम व राजस्व विभाग की टीम से शहर के अंदर खाली प्लाटों का दोबारा चिह्नीकरण कराकर उनके स्वामियों को नोटिस भेजा जाएगा। प्लॉट में पानी जमा होने पर उचित कार्रवाई की जाएगी। -अभय प्रताप सिंह, एसडीएम, काशीपुर
खाली प्लॉटों को चिन्हीकरण किया जाएगा। प्लाॅटों में पानी जमा होने पर निगम की ओर से खाली कराया जाएगा। मृतक परिवारों को मुआवजा दिलाने का प्रयास किया जाएगा। - दीपक बाली, मेयर, काशीपुर