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संदिग्ध परिस्थितियों में गोली चलने से पीएसी जवान घायल

Mon, 12 Nov 2018 12:16 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला/ऊधमसिंह नगर
ब्यूरो/अमर उजाला/ऊधमसिंह नगर Updated Mon, 12 Nov 2018 12:16 AM IST
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PAC jawans injured due to bullet in suspicious circumstances
घायल पीएसी कर्मी। - फोटो : अमर उजाला

पीएसी 46वीं वाहिनी के गेट नंबर तीन पर संतरी ड्यूटी पर तैनात कांस्टेबल अपनी ही सरकारी राइफल से चली गोली से घायल हो गया। गोली जवान के पेट को पार कर निकल गई। घायल कांस्टेबल को एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहां उसकी हालत खतरे से बाहर है। कांस्टेबल ने खुद को गोली मारी या तकनीकी कारण से गोली चली, इसे लेकर संशय बना है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की जांच के बाद ही कुछ कहा जा सकेगा। 

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मूल रूप से काठगोदाम (जिला नैनीताल) निवासी अखिलेश जोशी (34) पुुत्र प्रेम चंद्र जोशी वर्ष 2009 में पीएसी में भर्ती हुआ था। वर्तमान में अखिलेश को रुद्रपुर पीएसी 46वीं वाहिनी में बतौर कांस्टेबल तैनात है। रविवार सुबह पीएसी के गेट नंबर तीन में सुरक्षा के लिए तीन-एक की गारद तैनात की गई थी। सुबह करीब नौ बजे गारद में शामिल एक हवलदार और दो कांस्टेबल गेट के पास बने कमरे में थे, जबकि अखिलेश सरकारी एसएलआर लेकर गेट के पास बने गार्ड रूम पर ड्यूटी पर तैनात था। इस दौरान अचानक गोली चलने की आवाज सुनकर कमरे में मौजूद पीएसी कर्मी गार्ड रूम के पास आए। 
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यहां अखिलेश लहूलुहान हालत में पड़ा था। आनन-फानन में उसे जिला अस्पताल और वहां से फिर एक निजी अस्पताल ले जाया गया। सूचना पर एसएसपी कृष्ण कुमार वीके, पीएसी 31वीं वाहिनी के सेनानायक मुख्तार मोहसिन, एसपी सिटी देवेंद्र पींचा, सीओ स्वतंत्र कुमार और कोतवाल केसी भट्ट ने अस्पताल पहुंचकर घटना की जानकारी ली। पीएसी 46वीं वाहिनी के सेनानायक सुनील कुमार मीणा देहरादून में हैं। उन्होंने बयान जारी कर कहा कि घटना की जांच कराई जाएगी।
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पीएसी कांस्टेबल को गोली लगना प्रथम दृष्टया महज हादसा ही लग रहा है। घटना पीएसी परिसर की होने के कारण पीएसी की ओर से इसकी जांच कराई जाएगी। जांच के बाद पुलिस को किसी तरह की कार्रवाई की जरूरत पड़ी तो हम कार्रवाई जरूर करेंगे। - एसएसपी कृष्ण कुमार वीके। 

 

कांस्टेबल अखिलेश को गोली लगने का मामला संदिग्ध है। मामले की जांच के बाद ही गोली लगने की सही वजह पता चलेगी। कांस्टेबल की हालत खतरे से बाहर है। डाक्टरों के अनुसार एक माह के इलाज के बाद जवान पूरी तरह से स्वस्थ हो जाएगा। - मुख्तार मोहसिन सेनानायक, पीएसी 31वीं वाहिनी। 


तो छत से टकराकर पेट के पार हुई गोली 
ड्यूटी के दौरान राइफल से चली गोली पेट में लगने से अखिलेश घायल हुआ है। गार्ड रूम की छत पर भी गोली का निशान है, जिससे अंदेशा लगाया जा रहा है कि राइफल जमीन पर टच होने पर गोली चली होगी और छत में टकराने के बाद उसने अखिलेश को अपनी चपेट में ले लिया। 

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