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दहेज के लिए विवाहिता को मारपीट कर घर से निकाला
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काशीपुर में दहेज में तीन लाख रुपये की नकदी की मांग को लेकर ससुरालियों ने एक विवाहिता को मारपीट कर घर से निकाल दिया। आरोप है कि ससुरालियों ने दो बार उसका गर्भपात भी करा दिया। दहेज की रकम न देने पर पति उसे तलाक देकर दूसरी शादी करने की धमकी दे रहा है।
कटोराताल निवासी अंजुम इकबाल ने पुलिस को तहरीर देकर कहा कि उसकी शादी 22 नवंबर 2015 को मोहल्ला काजीबाग निवासी एक युवक से हुई थी। निकाह के समय उसके मायके वालों में अपनी सामर्थ्य के अनुसार दान दिया था। शादी के बाद पति, सास, ससुर, जेठ तथा दो ननद दहेज से खुश नहीं हुए और एक लाख रुपये की मांग करने लगे। उसकी मां खैरून्निशा ने उसके बैंक खाते में एक लाख रुपये की राशि जमा कराई थी। कुछ समय तक उसके पति का व्यवहार सही रहा। कुछ दिन बाद ही ससुराली फिर से तीन लाख रुपये की मांग कर मारपीट करने लगे। इसी दौरान वह दो बार गर्भवती हुई। लेकिन दहेज की मांग को लेकर दोनों ही बार ससुरालियों ने उसकी मर्जी के बगैर गर्भपात करा दिया। पति और ससुर ने तीन लाख रुपये नकद देने की मांग रखते हुए रकम का प्रबंध न होने पर उसकी बड़ी बहन का प्लाट उसके नाम करने का दबाव बनाया। आरोप है कि ससुरालियों ने तीसरी बार भी उसका गर्भपात कराने के लिए दबाव डाला। इनकार करने पर ससुरालियों ने तीन फरवरी 2018 को उसे मारपीट कर घर से निकाल दिया। वह अपने मायके में रह रही है। 24 अगस्त 2018 को उसने एक बेटे को जन्म दिया। मायके वालों ने कई बार ससुरालियों को समझाने का प्रयास किया लेकिन तीन लाख रुपये की मांग पर अड़े हुए है। शनिवार को वह अपनी मां के साथ अस्पताल से लौट रही थी तो रास्ते में उसके पति और ससुर ने उसके साथ मारपीट की। खबर लिखे जाने तक मामले की प्राथमिकी दर्ज नहीं हो सकी थी।
कटोराताल निवासी अंजुम इकबाल ने पुलिस को तहरीर देकर कहा कि उसकी शादी 22 नवंबर 2015 को मोहल्ला काजीबाग निवासी एक युवक से हुई थी। निकाह के समय उसके मायके वालों में अपनी सामर्थ्य के अनुसार दान दिया था। शादी के बाद पति, सास, ससुर, जेठ तथा दो ननद दहेज से खुश नहीं हुए और एक लाख रुपये की मांग करने लगे। उसकी मां खैरून्निशा ने उसके बैंक खाते में एक लाख रुपये की राशि जमा कराई थी। कुछ समय तक उसके पति का व्यवहार सही रहा। कुछ दिन बाद ही ससुराली फिर से तीन लाख रुपये की मांग कर मारपीट करने लगे। इसी दौरान वह दो बार गर्भवती हुई। लेकिन दहेज की मांग को लेकर दोनों ही बार ससुरालियों ने उसकी मर्जी के बगैर गर्भपात करा दिया। पति और ससुर ने तीन लाख रुपये नकद देने की मांग रखते हुए रकम का प्रबंध न होने पर उसकी बड़ी बहन का प्लाट उसके नाम करने का दबाव बनाया। आरोप है कि ससुरालियों ने तीसरी बार भी उसका गर्भपात कराने के लिए दबाव डाला। इनकार करने पर ससुरालियों ने तीन फरवरी 2018 को उसे मारपीट कर घर से निकाल दिया। वह अपने मायके में रह रही है। 24 अगस्त 2018 को उसने एक बेटे को जन्म दिया। मायके वालों ने कई बार ससुरालियों को समझाने का प्रयास किया लेकिन तीन लाख रुपये की मांग पर अड़े हुए है। शनिवार को वह अपनी मां के साथ अस्पताल से लौट रही थी तो रास्ते में उसके पति और ससुर ने उसके साथ मारपीट की। खबर लिखे जाने तक मामले की प्राथमिकी दर्ज नहीं हो सकी थी।
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