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Udham Singh Nagar News: राज्य में गन्ने का सर्वे 25 दिन आगे खिसका
Sat, 17 Jun 2023 11:37 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊधम सिंह नगर
Updated Sat, 17 Jun 2023 11:37 PM IST
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रुद्रपुर। उत्तराखंड में पहली बार जीपीएस सिस्टम से हो रहा गन्ने का सर्वे 25 दिन और आगे खिसक गया है। गन्ना विकास एवं चीनी उद्योग विभाग के अधिकारी इसके पीछे चीनी मिल की लापरवाही बता रहे हैं। चीनी मिल की ओर से गन्ना पर्यवेक्षकों को ऑनलाइन सर्वे के लिए समय पर मोबाइल टैबलेट न दिए जाने से सर्वे में देरी हुई है।
गन्ने की बुवाई का क्षेत्रफल जांचने के लिए सालों पुरानी फीते से नपाई के स्थान इस साल पहली बार जीपीएस सिस्टम से गन्ने का सर्वे चल रहा है। विभाग को 15 जून तक प्रदेश में गन्ने के सर्वे का कार्य पूरा करना था लेकिन तय तिथि तक सर्वे पूरा नहीं हो सका। गन्ना आयुक्त हंसा दत्त पांडेय बताते हैं कि गन्ने के जीपीएस सर्वे से पूर्व इसके एप को डाउनलोड किया जाना है। सर्वे के लिए चीनी मिलों की ओर से गन्ना पर्यवेक्षकों को समय पर मोबाइल टैब उपलब्ध नहीं कराए गए। जिस कारण 15 जून तक सर्वे पूरा नहीं हो सका। ऊधम सिंह नगर की बात करें तो यहां 110 गन्ना पर्यवेक्षक हैं। जिले की चार में दो चीनी मिल ने गन्ना पर्यवेक्षकों को देरी से मोबाइल टैबलेट उपलब्ध कराए। उन्होंने बताया कि पहली बार जीपीएस सर्वे होने के कारण 15 जून तक सर्वे पूरा न हो पाने की आशंका थी। जिस कारण 10 जुलाई तक सर्वे पूरा होने का अनुमान था, लेकिन अब सर्वे की 15 जुलाई तक समय सीमा बढ़ा दी है। बता दें कि प्रदेश की कुल आठ चीनी मिल में से चार ऊधम सिंह नगर जिले में हैं।
गूगल मैप से पहुंचा जा सकता है खेत तक
रुद्रपुर। जीपीएस सर्वे के माध्यम से किसी भी किसान के खेत तक गूगल मैप के माध्यम से पहुंचा जा सकता है। इससे विभाग को सर्वे में काफी आसानी होगी। सर्वे से संबंधित सभी आंकड़े सीधे गन्ना समितियों और चीनी मिलों के सर्वर से जुड़ जाएंगे।
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गन्ने की बुवाई का क्षेत्रफल जांचने के लिए सालों पुरानी फीते से नपाई के स्थान इस साल पहली बार जीपीएस सिस्टम से गन्ने का सर्वे चल रहा है। विभाग को 15 जून तक प्रदेश में गन्ने के सर्वे का कार्य पूरा करना था लेकिन तय तिथि तक सर्वे पूरा नहीं हो सका। गन्ना आयुक्त हंसा दत्त पांडेय बताते हैं कि गन्ने के जीपीएस सर्वे से पूर्व इसके एप को डाउनलोड किया जाना है। सर्वे के लिए चीनी मिलों की ओर से गन्ना पर्यवेक्षकों को समय पर मोबाइल टैब उपलब्ध नहीं कराए गए। जिस कारण 15 जून तक सर्वे पूरा नहीं हो सका। ऊधम सिंह नगर की बात करें तो यहां 110 गन्ना पर्यवेक्षक हैं। जिले की चार में दो चीनी मिल ने गन्ना पर्यवेक्षकों को देरी से मोबाइल टैबलेट उपलब्ध कराए। उन्होंने बताया कि पहली बार जीपीएस सर्वे होने के कारण 15 जून तक सर्वे पूरा न हो पाने की आशंका थी। जिस कारण 10 जुलाई तक सर्वे पूरा होने का अनुमान था, लेकिन अब सर्वे की 15 जुलाई तक समय सीमा बढ़ा दी है। बता दें कि प्रदेश की कुल आठ चीनी मिल में से चार ऊधम सिंह नगर जिले में हैं।
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गूगल मैप से पहुंचा जा सकता है खेत तक
रुद्रपुर। जीपीएस सर्वे के माध्यम से किसी भी किसान के खेत तक गूगल मैप के माध्यम से पहुंचा जा सकता है। इससे विभाग को सर्वे में काफी आसानी होगी। सर्वे से संबंधित सभी आंकड़े सीधे गन्ना समितियों और चीनी मिलों के सर्वर से जुड़ जाएंगे।
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