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Tehri News: अपनी गणना अपने गांव अभियान से जुड़ें लोग
Sat, 08 Nov 2025 06:36 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
Updated Sat, 08 Nov 2025 06:36 PM IST
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राज्य गठन की रजत जयंती पर लिया जाना चाहिए संकल्पनई टिहरी। अपनी गणना, अपने गांव अभियान से जुड़े लोगों ने हर प्रवासी से अपनी जनगणना अपने गांव में कराने की अपील की। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की रजत जयंती उत्सव धूमधाम से मनाया जा रहा है। ऐसे मौके पर सभी लोगों को जनगणना अपने गांव कराने का संकल्प लेना चाहिए।
पूर्व ब्लॉक प्रमुख, राज्य आंदोलनकारी व इस अभियान के संयोजक जोत सिंह बिष्ट और पूर्व प्रमुख व पूर्व राज्यमंत्री रोशन लाल सेमवाल ने कहा कि पहाड़ों से पलायन होने के कारण गांव लगातार खाली हो रहे हैं। लोग रोजी-रोटी के लिए देश-विदेश में काम कर रहे हैं। गांव में रहने वाले लोगों की संख्या लगातार घट रही है। ऐसे में 2026-27 में होने वाली जनगणना में गांव में रहने वालों की संख्या और घट जाएगी।
उन्होंने बताया कि 2001 की जनसंख्या के आधार पर हुए दूसरे परिसीमन में नौ पर्वतीय जिलों में विधानसभा सीटों की संख्या 40 से घट कर 34 और चार मैदानी जिलों में 36 सीट हो गई थी। उन्होंने बताया कि देश का अगला परिसीमन भी 2027 की जनसंख्या के आधार पर होगा। यदि लोगों ने अपनी जनगणना अपने गांव में नहीं कराई तो,पहाड़ों में विधानसभा सीटों की संख्या और कम होगी और विकास के लिए बजट भी सीमित ही मिल पाएगा।
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पूर्व ब्लॉक प्रमुख, राज्य आंदोलनकारी व इस अभियान के संयोजक जोत सिंह बिष्ट और पूर्व प्रमुख व पूर्व राज्यमंत्री रोशन लाल सेमवाल ने कहा कि पहाड़ों से पलायन होने के कारण गांव लगातार खाली हो रहे हैं। लोग रोजी-रोटी के लिए देश-विदेश में काम कर रहे हैं। गांव में रहने वाले लोगों की संख्या लगातार घट रही है। ऐसे में 2026-27 में होने वाली जनगणना में गांव में रहने वालों की संख्या और घट जाएगी।
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उन्होंने बताया कि 2001 की जनसंख्या के आधार पर हुए दूसरे परिसीमन में नौ पर्वतीय जिलों में विधानसभा सीटों की संख्या 40 से घट कर 34 और चार मैदानी जिलों में 36 सीट हो गई थी। उन्होंने बताया कि देश का अगला परिसीमन भी 2027 की जनसंख्या के आधार पर होगा। यदि लोगों ने अपनी जनगणना अपने गांव में नहीं कराई तो,पहाड़ों में विधानसभा सीटों की संख्या और कम होगी और विकास के लिए बजट भी सीमित ही मिल पाएगा।
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