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लेटलतीफी के कारण कंस्ट्रक्शन कास्ट बढ़ी 15 करोड़
ब्यूरो/अमर उजाला टिहरी
Updated Sun, 11 Dec 2016 10:37 PM IST
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साढ़े तीन साल में भी नहीं बन पाया चिन्यालीसौड़ मोटर पुल।
- फोटो : amarujala
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2005 में टिहरी बांध की झील भरने के कारण झील में डूबे चिन्यालीसौड़ स्थित देवीसौड़ पुल का निर्माण 3 साल बाद भी नहीं हो पाया है। कंस्ट्रक्शन कंपनी की लेटलतीफी के कारण लोगों को आवागमन की जो परेशानी हो रही है वह अलग है, वर्तमान समय में पुल की कंस्ट्रक्शन कास्ट 37 करोड़ 62 लाख से बढ़कर 52 करोड़ 75 लाख पहुंच गई है।
इन तीन सालों में पुल बना रही कार्यदायी संस्था हिलबेज कंस्ट्रक्शन कंपनी पुल के दोनों साइड सिर्फ दो टावर ही खड़ी कर पाई है। पुल की डेडलाइन पहले मार्च 2016 थी, जोकि अब बढ़ाकर 2017 कर दी गई है। जिस हिसाब से पुल का निर्माण किया जा रहा है, उससे तो यही लग रहा है कि नई डेडलाइन में भी काम पूरा हो पाएगा।
भागीरथी नदी के आरएल 843 मीटर की ऊंचाई पर चिन्यालीसौड़ में उत्तरकाशी जिले के दो दर्जन से अधिक गांव को आवागमन की सुविधा हेतु मोटर पुल का निर्माण किया जा रहा है। अवस्थापना खंड पुनर्वास नई टिहरी ने कार्यदायी संस्था हिलबेज कंट्रक्शन को यह काम दिया है।
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पुल का निर्माण तकनीकी कारणों और जलस्तर में वृद्धि के कारण एक साल पूरी तरह कार्य बंद रहा, जिसके चलते वर्तमान में पुल की लागत 52 करोड़ 75 लाख पहुंच गई है। निर्माण के नाम पर अभी तक कुछ खास प्रगति नहीं है। मुख्य पुल को जोड़ने समेत अन्य कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। पुनर्वास के अधिकारियों ने मार्च 2016 में दावा किया था, कि पुल का निर्माण सिंतबर तक पूरा हो जाएगा। अब अधिकारी जुलाई 2017 में पुल का काम होने की बात कह रहे हैं।
पुल का निर्माण तेजी से किया जा रहा है, वर्तमान में टावर का निर्माण पूरा हो चुका है। दिसंबर अंत तक पुल को जोडने का कार्य शुरू हो जाएगा। पुल के फ्रेबिकेशन का कार्य ढालवाल में चल रहा है। जून-जुलाई तक पुल तैयार हो जाएगा, ऐसी उम्मीद है। -शरद श्रीवास्तव, अधिशासी अभियंता अवस्थापना खंड पुनर्वास।
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इन तीन सालों में पुल बना रही कार्यदायी संस्था हिलबेज कंस्ट्रक्शन कंपनी पुल के दोनों साइड सिर्फ दो टावर ही खड़ी कर पाई है। पुल की डेडलाइन पहले मार्च 2016 थी, जोकि अब बढ़ाकर 2017 कर दी गई है। जिस हिसाब से पुल का निर्माण किया जा रहा है, उससे तो यही लग रहा है कि नई डेडलाइन में भी काम पूरा हो पाएगा।
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भागीरथी नदी के आरएल 843 मीटर की ऊंचाई पर चिन्यालीसौड़ में उत्तरकाशी जिले के दो दर्जन से अधिक गांव को आवागमन की सुविधा हेतु मोटर पुल का निर्माण किया जा रहा है। अवस्थापना खंड पुनर्वास नई टिहरी ने कार्यदायी संस्था हिलबेज कंट्रक्शन को यह काम दिया है।
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पुल का निर्माण तकनीकी कारणों और जलस्तर में वृद्धि के कारण एक साल पूरी तरह कार्य बंद रहा, जिसके चलते वर्तमान में पुल की लागत 52 करोड़ 75 लाख पहुंच गई है। निर्माण के नाम पर अभी तक कुछ खास प्रगति नहीं है। मुख्य पुल को जोड़ने समेत अन्य कार्य शुरू नहीं हो पाए हैं। पुनर्वास के अधिकारियों ने मार्च 2016 में दावा किया था, कि पुल का निर्माण सिंतबर तक पूरा हो जाएगा। अब अधिकारी जुलाई 2017 में पुल का काम होने की बात कह रहे हैं।
पुल का निर्माण तेजी से किया जा रहा है, वर्तमान में टावर का निर्माण पूरा हो चुका है। दिसंबर अंत तक पुल को जोडने का कार्य शुरू हो जाएगा। पुल के फ्रेबिकेशन का कार्य ढालवाल में चल रहा है। जून-जुलाई तक पुल तैयार हो जाएगा, ऐसी उम्मीद है। -शरद श्रीवास्तव, अधिशासी अभियंता अवस्थापना खंड पुनर्वास।