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दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले में एक और आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा
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दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले में एक और आरोपी गिरफ्तार, जेल भेजा
समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी भट्ट ने की थी छात्रवृत्ति देने की रिपोर्ट तैयार
- स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन मुनिकीरेती का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
नई टिहरी। दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले के आरोप में मुनिकीरेती पुलिस ने समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वर्ष 2014-15 में समाज कल्याण विभाग की ओर से स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन मुनिकीरेती के 50 छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति जारी की गई थी, लेकिन छात्रों को छात्रवृत्ति का लाभ नहीं मिल पाया था। कॉलेज के प्रबंधक पर 15 लाख की छात्रवृत्ति घोटाला करने का आरोप है। कैंप प्रभारी पर बिना सत्यापन के ही छात्रवृत्ति देने की रिपोर्ट तैयार करने का आरोप है।
उच्च और तकनीकी शिक्षा के लिए ओबीसी, एससी व एसटी छात्र-छात्राओं को समाज कल्याण विभाग की ओर से छात्रवृत्ति दी जाती है। वर्ष 2014-15 में मुनिकीरेती स्थित स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन के 50 छात्रों का चयन दशमोत्तर छात्रवृत्ति के लिए किया गया था। इसके तहत प्रत्येक छात्र-छात्रा को 33-33 हजार रुपये दिए जाने थे। इन सभी छात्रों का कॉलेज में एक ही व्यक्ति ने प्रवेश कराया था। कुछ छात्रों को छोड़कर अधिकांश को छात्रवृत्ति नहीं मिल पाई थी, लेकिन समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट ने बिना सत्यापन के ही छात्रों को छात्रवृत्ति मिल जाने की रिपोर्ट दी। कैंप प्रभारी और स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज के प्रबंधक पर 15 लाख की छात्रवृत्ति घोटाला करने का आरोप है। बीते 30 सितंबर से एसआईटी दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले की जांच पड़ताल कर रही है। शुक्रवार को एसआईटी के वरिष्ठ सहायक उप निरीक्षक संजीव कुमार ने समाज कल्याण के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट को उनके नई टिहरी स्थित ई ब्लाक आवास से गिरफ्तार कर सीजेएम राहुल कुमार श्रीवास्तव की अदालत मेें पेश किया। न्यायालय ने उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
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समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी भट्ट ने की थी छात्रवृत्ति देने की रिपोर्ट तैयार
- स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन मुनिकीरेती का मामला
अमर उजाला ब्यूरो
नई टिहरी। दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले के आरोप में मुनिकीरेती पुलिस ने समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वर्ष 2014-15 में समाज कल्याण विभाग की ओर से स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन मुनिकीरेती के 50 छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति जारी की गई थी, लेकिन छात्रों को छात्रवृत्ति का लाभ नहीं मिल पाया था। कॉलेज के प्रबंधक पर 15 लाख की छात्रवृत्ति घोटाला करने का आरोप है। कैंप प्रभारी पर बिना सत्यापन के ही छात्रवृत्ति देने की रिपोर्ट तैयार करने का आरोप है।
उच्च और तकनीकी शिक्षा के लिए ओबीसी, एससी व एसटी छात्र-छात्राओं को समाज कल्याण विभाग की ओर से छात्रवृत्ति दी जाती है। वर्ष 2014-15 में मुनिकीरेती स्थित स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज टेक्निकल एजुकेशन के 50 छात्रों का चयन दशमोत्तर छात्रवृत्ति के लिए किया गया था। इसके तहत प्रत्येक छात्र-छात्रा को 33-33 हजार रुपये दिए जाने थे। इन सभी छात्रों का कॉलेज में एक ही व्यक्ति ने प्रवेश कराया था। कुछ छात्रों को छोड़कर अधिकांश को छात्रवृत्ति नहीं मिल पाई थी, लेकिन समाज कल्याण विभाग के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट ने बिना सत्यापन के ही छात्रों को छात्रवृत्ति मिल जाने की रिपोर्ट दी। कैंप प्रभारी और स्वामी पूर्णानंद डिग्री कॉलेज के प्रबंधक पर 15 लाख की छात्रवृत्ति घोटाला करने का आरोप है। बीते 30 सितंबर से एसआईटी दशमोत्तर छात्रवृत्ति घोटाले की जांच पड़ताल कर रही है। शुक्रवार को एसआईटी के वरिष्ठ सहायक उप निरीक्षक संजीव कुमार ने समाज कल्याण के तत्कालीन कैंप प्रभारी जीतमणी भट्ट को उनके नई टिहरी स्थित ई ब्लाक आवास से गिरफ्तार कर सीजेएम राहुल कुमार श्रीवास्तव की अदालत मेें पेश किया। न्यायालय ने उन्हें 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
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