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अधर में लटका मैगाधार- जमोलना-पोखार सड़क का निर्माण
Updated Sat, 24 Nov 2018 10:11 PM IST
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घनसाली (टिहरी)। लोनिवि की लापरवाही जमोलना, जगरवाली, लोस्तु, पाख, दोणी वल्ली, पल्ली, पोखार, जुुंदाणा और कोठार गांव के लोगों पर भारी पड़ रही है। मैगाधार-जमोलना-पोखार मोटर मार्ग निर्माण न होने से लोगों को 10 किमी की पैदल दूरी तय करनी पड़ रही है।
वर्ष 1994 में पांच किमी मैगाधार-जमोलना-पोखार मोटर मार्ग को स्वीकृति मिली थी, लेकिन वन अधिनियम आड़े आने से सड़क निर्माण नहीं हो पाया था। वर्ष 2003 में पांच किमी पोखार तक सड़क निर्माण को स्वीकृति मिली। लोनिवि ने मैगाधार से भेटी गांव तक तीन किमी मोटर मार्ग का निर्माण किया, लेकिन सड़क निर्माण पूरा न होने से क्षेत्र के लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। प्रधान विजय लक्ष्मी, तेजराम सेमवाल, भरत सिंह, दुर्गा प्रसाद, विजय डंगवाल, डीआर सेमवाल, जगदीश प्रसाद, शकुंतला देवी, रामकृष्ण ने मोटर मार्ग का कार्य पूरा न होने पर लोनिवि और सरकार को जिम्मेदार बताया है। कहा यदि जल्द सड़क निर्माण पूरा नहीं किया गया, तो क्षेत्र की जनता आंदोलन करेगी। लोनिवि के ईई एनएल बर्मा का कहना है कि वन भूमि हस्तांतरण के लिए ऑन लाइन आवेदन किया गया है। वन विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य पूरा किया जाएगा।
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वर्ष 1994 में पांच किमी मैगाधार-जमोलना-पोखार मोटर मार्ग को स्वीकृति मिली थी, लेकिन वन अधिनियम आड़े आने से सड़क निर्माण नहीं हो पाया था। वर्ष 2003 में पांच किमी पोखार तक सड़क निर्माण को स्वीकृति मिली। लोनिवि ने मैगाधार से भेटी गांव तक तीन किमी मोटर मार्ग का निर्माण किया, लेकिन सड़क निर्माण पूरा न होने से क्षेत्र के लोगों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। प्रधान विजय लक्ष्मी, तेजराम सेमवाल, भरत सिंह, दुर्गा प्रसाद, विजय डंगवाल, डीआर सेमवाल, जगदीश प्रसाद, शकुंतला देवी, रामकृष्ण ने मोटर मार्ग का कार्य पूरा न होने पर लोनिवि और सरकार को जिम्मेदार बताया है। कहा यदि जल्द सड़क निर्माण पूरा नहीं किया गया, तो क्षेत्र की जनता आंदोलन करेगी। लोनिवि के ईई एनएल बर्मा का कहना है कि वन भूमि हस्तांतरण के लिए ऑन लाइन आवेदन किया गया है। वन विभाग से स्वीकृति मिलने के बाद ही कार्य पूरा किया जाएगा।
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