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गुलदार के हमले में बाल-बाल बची चार महिलाएं
ब्यूरो/अमर उजाला रुद्रप्रयाग
Updated Sun, 27 Mar 2016 10:35 PM IST
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बसुकेदार तहसील के सिनघाटा गांव में घास के लिए जंगल गई चार महिलाएं गुलदार के हमले में बाल-बाल बचीं। महिलाओं ने किसी तरह भागकर जान बचाई। उन्होंने वन विभाग से मौके पर पिंजरा लगाने की मांग की है।
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सिनघाटा गांव की फातिमा बेगम, साहिरा बेगम, गुड्डी सहित चार महिलाएं शनिवार शाम चार बजे मवेशियों के लिए चारापत्ती लाने गांव से करीब 200 मीटर दूर जंगल गई थीं। वे एक ही स्थान पर घास काट रही थीं कि तभी झाड़ियों में घात लगाए बैठे गुलदार ने उनके ऊपर से छलांग लगा दी। यह देख महिलाएं जोर-जोर से चिल्लाते हुए गांव की तरफ भागीं और घर पहुंचकर परिजनों को आपबीती सुनाई।
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ग्राम प्रधान उमेद सिंह, इशाक अहमद, कमरुद्दीन अहमद, संतोष नेगी, हर्ष प्रीतम, मोहन सिंह आदि का कहना है कि एक पखवाड़े से गुलदार दोपहर बाद गांव के निकट धमक रहा है, जिससे खतरा बना हुआ है। पांच मार्च को गुलदार ने गांव की एक बालिका को घायल कर दिया था।
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9 मार्च को एक गुलदार वन विभाग के पिंजरे में कैद हो गया लेकिन तब से दूसरा गुलदार सक्रिय बना हुआ है। उन्होंने वन विभाग से पुन: पिंजरा लगाने की मांग की है। इधर, रेंजर एमएस नेगी ने बताया कि घटना के बारे में उच्चाधिकारियों को सूचना दे दी गई है। ब्यूरो