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नाश्ता कर परीक्षा दी, दोपहर में नहीं मिला भोजन

Haldwani Bureau हल्द्वानी ब्यूरो
Updated Wed, 22 Jan 2020 12:39 AM IST
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Boycott of mess workers for demanding salary
देहरादून के लिए...
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वेतन की मांग को लेकर मेस कर्मियों का कार्य बहिष्कार
पंत विवि : छात्रों ने नाश्ता कर परीक्षा दी, नहीं मिला दोपहर में भोजन
संवाद न्यूज एजेंसी
पंतनगर। वेतन नहीं मिलने से नाराज छात्रावासों के मेसकर्मियों ने मंगलवार को यहां शहीद चौराहे पर नारेबाजी की। उन्होंने डीएसडब्ल्यू कार्यालय में भी धरना प्रदर्शन कर संचालक से वेतन दिलाने की मांग की। इससे दो छात्रावासों को छोड़कर कहीं भी दोपहर का भोजन नहीं बना, जिसके चलते छात्रों को दोपहर का भोजन नहीं मिला।
बता दें कि मेस संचालक को बृहस्पतिवार को विवि की ओर से 67 लाख रुपये का भुगतान कर दिया था और शुक्रवार तक तीन माह का वेतन देने का आश्वासन दिया था, लेकिन कर्मियों को वेतन का भुगतान नहीं किया। मंगलवार को कर्मियों के काम बंद करने की सूचना पर पहुंचे मेस संचालक ने दिसंबर के वेतन, कुछ कर्मियों के रुके वेतन एवं उनके वेतन से काटे जाने वाले ईपीएफ का मिलाकर कुल 19 लाख रुपये का चेक डीएसडब्ल्यू कार्यालय में जमा करा दिया। चेक जमा होने के बाद डीएसडब्ल्यू कार्यालय द्वारा कर्मियों के वेतन का भुगतान कराया जाएगा। इंटक के जिलाध्यक्ष जनार्दन सिंह ने सभी मेस कर्मियों को आश्वस्त किया कि उनका वेतन मंगलवार शाम या बुधवार सुबह तक उनके खातों में चला जाएगा। उन्होंने सभी मेस कर्मियों से कार्य पर लौटने की अपील की, जिसके बाद सभी मान गए। इस दौरान अधिष्ठाता छात्र कल्याण डॉ. सलिल तिवारी, सह अधिष्ठाता छात्र कल्याण शोभित गुप्ता व गुरदीप बेंस, संयुक्त मोर्चा के जनार्दन सिंह, महेंद्र शर्मा, संतोष कुमार सिंह आदि मौजूद थे।
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इनसेट...
ठेका कर्मियों को अब तक नहीं मिला वेतन
पंतनगर। विवि में ठेके पर कार्यरत कर्मियों को माह की 21 तारीख बीतनेेे के बाद भी वेतन नहीं मिल पाया है। इसको लेकर कर्मियों ने प्रशासनिक भवन के मुख्य गेट पर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि विवि में विभिन्न यूनियनों व विवि प्रशासन के बीच समझौते के तहत प्रत्येक माह की सात तारीख तक सभी ठेका कर्मियों का वेतन देना चाहिए, लेकिन अब तक वेतन नहीं दिया है। उनके लिए बच्चों की स्कूल की फीस, राशन व अन्य कार्यों के लिए संकट पैदा हो गया है। नियंत्रक कार्यालय की ओर से बताया कि ठेकेदार को पूर्व में ही वेतन के भुगतान के लिए पैसा दिया जा चुका है। ठेकेदार ने ही अभी तक ठेका कर्मियों के वेतन का भुगतान नहीं किया है। संवाद
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