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कहीं बागी होने का खामियाजा तो नहीं!
ब्यूरो/अमर उजाला रुड़की
Updated Mon, 13 Jun 2016 11:18 PM IST
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रुड़की। मलकपुर चुंगी के समीप विशाल मेगामार्ट के बराबर में पूर्व विधायक एवं भाजपा नेता प्रदीप बत्रा के कांप्लेक्स का निर्माण एक साल से भी अधिक समय से चल रहा था। लेकिन एचआरडीए को पूरे साल कार्रवाई की याद नहीं आई। अब जबकि कार्य अंतिम दौर में चल रहा था तो एचआरडीए ने इसे सील कर दिया। यही नहीं, कांप्लेक्स पर उनके कांग्रेस में रहने तक कोई परेशानी नहीं आई। पूरे कांप्लेक्स का नक्शा भी पास हुआ, बेसमेंट के साथ निर्माण भी शुरू हुआ।
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ऐसे में यदि कांप्लेक्स के निर्माण में कुछ खामी थी तो उस पर शुरू में रोक लगाई जानी चाहिए थी। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। प्रदीप बत्रा के कांग्रेस सरकार से बगावत और भाजपा में शामिल होने के बाद स्थिति पूरी तरह बदल गई। प्रदेश में दुबारा कांग्रेस सरकार बनने के ठीक एक माह बाद एचआरडीए की यह कार्रवाई लोगों में चर्चा का विषय बनी हुई है। लोग इस कार्रवाई के बारे में यही कहते नजर आ रहे हैं कि पूर्व विधायक बत्रा को बागी होने का खामियाजा उठाना पड़ रहा है। लेकिन इस संबंध में प्रदीप बत्रा ने कुछ भी कहने से इनकार कर दिया है।
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दो अलग-अलग प्लाट मिलाकर निर्माण: एई
रुड़की। प्रदीप बत्रा के जिस निर्माणाधीन कांप्लेक्स को सील किया गया है। उसके पीछे एचआरडीए का तर्क है कि जिस भूमि पर निर्माण किया जा रहा है, वहां दो अलग-अलग प्लाट थे। एई जीएस भट्ट ने बताया कि दोनों प्लाट पर निर्माण के लिए अलग-अलग अनुमति दी गई थी। लेकिन उन पर मिलाकर एक साथ निर्माण किया जा रहा है। जो कि नियम विरुद्ध है।
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