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रुड़की सीआईयू के बेहतरीन नेटवर्क से खुला ब्लाइंड केस
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मां-बेटी से दरिंदगी में शामिल पांचों आरोपियों की गिरफ्तारी में रुड़की सीआईयू टीम ने अहम रोल निभाया है। टीम के बेहतरीन नेटवर्क के चलते मात्र छह दिन में ही ब्लाइंड केस के राज से पर्दा उठा और सभी आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ गए। सीआईयू के नेटवर्क और बेहतरीन काम की एसएसपी और एसपी देहात ने जमकर प्रशंसा करते हुए पीठ थपथपाई है।
रुड़की में मां-बेटी से 24 जून की रात सामूहिक दुष्कर्म की घटना की गूंज दून से लेकर दिल्ली तक पहुंची थी। इस ब्लाइंड केस की कड़ी को सुलझाना पुलिस के सामने एक बड़ी चुनौती बन गया था। मामले के खुलासे की जिम्मेदारी पुलिस अधिकारियों ने रुड़की सीआईयू की टीम को सौंपी। साथ ही जल्द से जल्द घटना का खुलासा करने के निर्देश दिए। अधिकारियों के निर्देश मिलते ही सीआईयू की पूरी टीम घटना वाली रात से ही कड़ी से कड़ी जोड़ने में लग गई। इसके बाद टीम महक सिंह उर्फ सोनू निवासी इमलीखेड़ा तक पहुंची। इसके बाद कड़ी से कड़ी जुड़ती चली गई और कार का नंबर पता चल गया। इसके बाद टीम ने कार नंबर के आधार पर सहारनपुर, मुजफ्फरनगर में अपने नेटवर्क और मुखबिर तंत्र का सहारा लिया। इसके बाद सभी आरोपी हत्थे चढ़ गए। ब्लाइंड केस का खुलासा कर सीआईयू की टीम ने अधिकारियों के विश्वास पर खरा उतरकर दिखाया। इसके बाद एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत और एसपी देहात प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने टीम की पीठ थपथपाते हुए उसकी जमकर प्रशंसा की। इस दौरान टीम में सीआईयू प्रभारी जहांगीर अली, अहसान अली, कपिल देव, अशोक, सुरेश रमोला, नितिन और रविंद्र खत्री शामिल रहे।
जिले की हर बड़ी घटना में रहा है अहम रोल
मां-बेटी से सामूहिक दुष्कर्म की घटना जैसे ब्लाइंड केस का खुलासा करने वाली सीआईयू की टीम का यह पहला मौका नहीं है। जिले में जब भी कोई बड़ी वारदात हुई है, रुड़की की सीआईयू की टीम का विशेष सहयोग लिया गया। अधिकारियों ने टीम पर भरोसा जताकर काम पर लगाया तो सीआईयू की टीम उस पर पूरी खरी उतरी और घटनाओं के खुलासे किए।
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सोशल मीडिया पर भी एक बड़े किसान नेता के साथ फोटो
पुलिस के अनुसार सामूहिक दुष्कर्म की घटना में तीन आरोपी राजीव उर्फ विक्की तोमर, सुबोध और सोनू तेजियान एक किसान संगठन से जुड़े हुए हैं। आरोपी राजीव उर्फ विक्की किसान संगठन में एक पद पर भी है। इतना ही नहीं, तीनों की सोशल मीडिया पर किसान संगठन के एक बड़े नेता के साथ कई फोटो भी हैं।
रुड़की टॉकीज से खरीदी थी शराब
एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत ने बताया कि कार सवार आरोपियों ने रुड़की टॉकीज के पास एक शराब की दुकान से शराब खरीदी थी। इसके बाद वे गंगनहर की पटरी से होते हुए हरिद्वार की तरफ जा रहे थे। इस बीच उनकी नजर महिला व बच्ची पर पड़ी थी। नशे की हालत में चारों ने महिला व बच्ची को जबरन कार में डालकर घटना को अंजाम दिया।
इनामों की हुई टीम पर बौछार
सामूहिक दुष्कर्म की घटना का खुलासा करने के बाद पुलिस और सीआईयू की टीम को कोतवाली में बधाई देने के लिए नेताओं और आम लोगों का तांता लग गया। इस दौरान विधायक प्रदीप बत्रा ने पुलिस टीम को 31 हजार और कांग्रेस नेता सचिन गुप्ता ने 21 हजार नकद धनराशि इनाम में दी।
बाईपास से सीधे गए थे मुजफ्फरनगर
पुलिस ने बताया कि आरोपी बाईपास पर घटना को अंजाम देने के बाद मंगलौर से नारसन होते हुए मुजफ्फरनगर गए थे। इसके बाद सभी अपने-अपने घर चले गए थे। बताया कि चारों आरोपियों ने घटना के बाद एक-दूसरे से मोबाइल पर बातचीत बंद कर दी थी ताकि पुलिस के हाथ उन तक न पहुंच पाएं।
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रुड़की में मां-बेटी से 24 जून की रात सामूहिक दुष्कर्म की घटना की गूंज दून से लेकर दिल्ली तक पहुंची थी। इस ब्लाइंड केस की कड़ी को सुलझाना पुलिस के सामने एक बड़ी चुनौती बन गया था। मामले के खुलासे की जिम्मेदारी पुलिस अधिकारियों ने रुड़की सीआईयू की टीम को सौंपी। साथ ही जल्द से जल्द घटना का खुलासा करने के निर्देश दिए। अधिकारियों के निर्देश मिलते ही सीआईयू की पूरी टीम घटना वाली रात से ही कड़ी से कड़ी जोड़ने में लग गई। इसके बाद टीम महक सिंह उर्फ सोनू निवासी इमलीखेड़ा तक पहुंची। इसके बाद कड़ी से कड़ी जुड़ती चली गई और कार का नंबर पता चल गया। इसके बाद टीम ने कार नंबर के आधार पर सहारनपुर, मुजफ्फरनगर में अपने नेटवर्क और मुखबिर तंत्र का सहारा लिया। इसके बाद सभी आरोपी हत्थे चढ़ गए। ब्लाइंड केस का खुलासा कर सीआईयू की टीम ने अधिकारियों के विश्वास पर खरा उतरकर दिखाया। इसके बाद एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत और एसपी देहात प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने टीम की पीठ थपथपाते हुए उसकी जमकर प्रशंसा की। इस दौरान टीम में सीआईयू प्रभारी जहांगीर अली, अहसान अली, कपिल देव, अशोक, सुरेश रमोला, नितिन और रविंद्र खत्री शामिल रहे।
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जिले की हर बड़ी घटना में रहा है अहम रोल
मां-बेटी से सामूहिक दुष्कर्म की घटना जैसे ब्लाइंड केस का खुलासा करने वाली सीआईयू की टीम का यह पहला मौका नहीं है। जिले में जब भी कोई बड़ी वारदात हुई है, रुड़की की सीआईयू की टीम का विशेष सहयोग लिया गया। अधिकारियों ने टीम पर भरोसा जताकर काम पर लगाया तो सीआईयू की टीम उस पर पूरी खरी उतरी और घटनाओं के खुलासे किए।
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सोशल मीडिया पर भी एक बड़े किसान नेता के साथ फोटो
पुलिस के अनुसार सामूहिक दुष्कर्म की घटना में तीन आरोपी राजीव उर्फ विक्की तोमर, सुबोध और सोनू तेजियान एक किसान संगठन से जुड़े हुए हैं। आरोपी राजीव उर्फ विक्की किसान संगठन में एक पद पर भी है। इतना ही नहीं, तीनों की सोशल मीडिया पर किसान संगठन के एक बड़े नेता के साथ कई फोटो भी हैं।
रुड़की टॉकीज से खरीदी थी शराब
एसएसपी डॉ. योगेंद्र सिंह रावत ने बताया कि कार सवार आरोपियों ने रुड़की टॉकीज के पास एक शराब की दुकान से शराब खरीदी थी। इसके बाद वे गंगनहर की पटरी से होते हुए हरिद्वार की तरफ जा रहे थे। इस बीच उनकी नजर महिला व बच्ची पर पड़ी थी। नशे की हालत में चारों ने महिला व बच्ची को जबरन कार में डालकर घटना को अंजाम दिया।
इनामों की हुई टीम पर बौछार
सामूहिक दुष्कर्म की घटना का खुलासा करने के बाद पुलिस और सीआईयू की टीम को कोतवाली में बधाई देने के लिए नेताओं और आम लोगों का तांता लग गया। इस दौरान विधायक प्रदीप बत्रा ने पुलिस टीम को 31 हजार और कांग्रेस नेता सचिन गुप्ता ने 21 हजार नकद धनराशि इनाम में दी।
बाईपास से सीधे गए थे मुजफ्फरनगर
पुलिस ने बताया कि आरोपी बाईपास पर घटना को अंजाम देने के बाद मंगलौर से नारसन होते हुए मुजफ्फरनगर गए थे। इसके बाद सभी अपने-अपने घर चले गए थे। बताया कि चारों आरोपियों ने घटना के बाद एक-दूसरे से मोबाइल पर बातचीत बंद कर दी थी ताकि पुलिस के हाथ उन तक न पहुंच पाएं।