{"_id":"57d1bf814f1c1ba90a3172c5","slug":"the-state-government-wants-to-build-an-education-hub","type":"story","status":"publish","title_hn":"प्रदेश को एजुकेशन हब बनाना चाहती है सरकार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
प्रदेश को एजुकेशन हब बनाना चाहती है सरकार
rishikesh
Updated Fri, 09 Sep 2016 01:14 AM IST
विज्ञापन
मुख्यमंत्री
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सरकार प्रदेश को एजुकेशन हब बनाना चाहती है। राज्य में शिक्षा के क्षेत्र में सबसे ज्यादा काम की जरूरत है। यह बातें सूबे के मुख्यमंत्री हरीश रावत ने कही। वह बृहस्पतिवार को जयराम आश्रम के ब्रह्मलीन स्वामी देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की पुण्यतिथि पर आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन
जयराम उद्यान फार्म में पहुंचे मुख्यमंत्री रावत ने कहा कि शिष्य जयराम ब्रह्मलीन देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी के सपनों को आगे बढ़ा शिक्षा के क्षेत्र में अच्छा कार्य कर रहे हैं। ब्रह्मलीन देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी की चर्चा करते हुए कहा कि वो ऐसे संत थे, जिनसे सभी को प्रेरणा लेनी चाहिए। उन्होंने जयराम आश्रम के अध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी से कहा कि वो अब यूनिवर्सिटी बनाने पर विचार करें। जिससे समाज को बेहतर शिक्षा का ओर अधिक लाभ मिल सके।
विज्ञापन
विशिष्ट अतिथि राज्य सभा सदस्य सुभाष चंद्रा ने कहा कि संतों को यदि आनंद की प्राप्ति होती है तो वह उनके लिए सच्चा सुख है। मुझे संतों का आशीर्वाद हमेशा मिला है। ब्रह्मलीन देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी का सान्निध्य भी मुझे मिला। पूर्व मुख्यमंत्री व सांसद डॉ. रमेश पोखरियाल निशंक ने भी देवेंद्र स्वरूप ब्रह्मचारी द्वारा समाज सेवा के क्षेत्र में किए गए कार्य की प्रशंसा की। जयराम आश्रम के अध्यक्ष ब्रह्मस्वरूप ब्रह्मचारी ने सुभाष चंद्रा से उत्तराखंड के बच्चों के लिए भी कुछ कार्य करने का अनुरोध किया। अध्यक्षता जूना अखाड़े के संत अवधेशानंद गिरी और संचालन विख्यात हास्य कवि सुरेंद्र शर्मा ने किया।
विज्ञापन
मौके पर पूर्व गृह राज्य मंत्री चिन्मयानंद, परमार्थ निकेतन के स्वामी चिदानंद, विधायक प्रेमचंद अग्रवाल, पूर्व सांसद मनोहरकांत ध्यानी, अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष नरेंद्र गिरी, कैलाशानंद, श्याम सुंदर महाराज, हरि चेतनानंद महाराज, संत सत्यमित्रानंद, पालिकाध्यक्ष दीप शर्मा, जयपाल जाटव आदि मौजूद थे। बाद में मुख्यमंत्री हरीश रावत ने एम्स के करीब प्राइम हेल्थ केयर का शुभारंभ भी किया। कहा कि इससे स्थानीय लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ मिलेगा। वहीं, मुख्यमंत्री रावत ने शॉल पहन संतों का आशीर्वाद लिया।