{"_id":"60edf0308ebc3e103169686b","slug":"the-number-of-patients-increased-three-times-as-soon-as-opd-started-in-aiims-rishikesh-news-drn3843736139","type":"story","status":"publish","title_hn":"एम्स में ओपीडी शुरू होते ही तीन गुना बढ़ी मरीजों की संख्या","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एम्स में ओपीडी शुरू होते ही तीन गुना बढ़ी मरीजों की संख्या
विज्ञापन
ऋषिकेश। अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) ऋषिकेश में अनलॉक के बाद ओपीडी में मरीजों की संख्या तीन गुना बढ़ी है। जुलाई के पहले सप्ताह में अब तक 10,212 मरीज ओपीडी में अपना इलाज करा चुके हैं। जनरल मेडिसिन और कम्युनिटी एवं फेमिली मेडिसिन की ओपीडी में मरीजों की संख्या की सबसे अधिक है।
एम्स निदेशक प्रोफेसर रविकांत ने बताया कि उपचार के आभाव में मरीज परेशान न हों, इस विषय पर गंभीरता बरती जा रही है। उन्होंने कहा कि हम सबको कोरोनाकाल की मौजूदा परिस्थितियों में जीवन जीना है। ऐसे में कोविड नियमों के पालन की अनिवार्य शर्तों के साथ एम्स की विभिन्न ओपीडी सेवाओं को फिर से खोल दिया गया है।
कोविड कर्फ्यू के दौरान मई माह के पहले सप्ताह में एम्स में 3409 सामान्य मरीज इलाज के लिए पहुंचे थे। जबकि अनलॉक के बाद जुलाई में ओपीडी में मरीजों की संख्या तीन गुना बढ़कर एक सप्ताह में 10, 212 मरीजों पहुंच गई। सबसे अधिक 1631 मरीज जनरल मेडिसिन विभाग में ईलाज के लिए पहुंचे। जबकि कम्युनिटी एंड फेमिली मेडिसिन विभाग में 1264 रोगियों ने अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराया। इसके अलावा आर्थो विभाग में 577 और त्वचा रोग विभाग में 507 रोगी जांच के लिए पहुंचे। अप्रैल के पहले सप्ताह में 9, 793, मार्च के पहले सप्ताह में 12, 408 और फरवरी 2021 के पहले सप्ताह में मात्र 8, 990 समान्य मरीज इलाज के लिए एम्स पहुंचे थे।
विज्ञापन
ऑपरेशन की सुविधा भी जल्द होगी बहाल
एम्स ऋषिकेश के डीन हॉस्पिटल अफेयर्स प्रोफेसर यूबी मिश्रा ने बताया कि कोविड कर्फ्यू खुलने पर ओपीडी में पहुंचने वाले मरीजों की संख्या बढ़ना स्वाभाविक है। उन्होंने बताया कि अनलॉक के बाद लगातार बढ़ रहे मरीजों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को देखते हुए लगभग सभी विभागों की ओपीडी फिर से खोल दी गई है। डा. यूबी मिश्रा ने बताया कि प्रतीक्षारत मरीजों की सर्जरी करने के लिए जल्द ही ऑपरेशन थियेटर की सुविधाएं भी बहाल कर दी जाएंगी।
विज्ञापन
एम्स निदेशक प्रोफेसर रविकांत ने बताया कि उपचार के आभाव में मरीज परेशान न हों, इस विषय पर गंभीरता बरती जा रही है। उन्होंने कहा कि हम सबको कोरोनाकाल की मौजूदा परिस्थितियों में जीवन जीना है। ऐसे में कोविड नियमों के पालन की अनिवार्य शर्तों के साथ एम्स की विभिन्न ओपीडी सेवाओं को फिर से खोल दिया गया है।
विज्ञापन
कोविड कर्फ्यू के दौरान मई माह के पहले सप्ताह में एम्स में 3409 सामान्य मरीज इलाज के लिए पहुंचे थे। जबकि अनलॉक के बाद जुलाई में ओपीडी में मरीजों की संख्या तीन गुना बढ़कर एक सप्ताह में 10, 212 मरीजों पहुंच गई। सबसे अधिक 1631 मरीज जनरल मेडिसिन विभाग में ईलाज के लिए पहुंचे। जबकि कम्युनिटी एंड फेमिली मेडिसिन विभाग में 1264 रोगियों ने अपना स्वास्थ्य परीक्षण कराया। इसके अलावा आर्थो विभाग में 577 और त्वचा रोग विभाग में 507 रोगी जांच के लिए पहुंचे। अप्रैल के पहले सप्ताह में 9, 793, मार्च के पहले सप्ताह में 12, 408 और फरवरी 2021 के पहले सप्ताह में मात्र 8, 990 समान्य मरीज इलाज के लिए एम्स पहुंचे थे।
विज्ञापन
ऑपरेशन की सुविधा भी जल्द होगी बहाल
एम्स ऋषिकेश के डीन हॉस्पिटल अफेयर्स प्रोफेसर यूबी मिश्रा ने बताया कि कोविड कर्फ्यू खुलने पर ओपीडी में पहुंचने वाले मरीजों की संख्या बढ़ना स्वाभाविक है। उन्होंने बताया कि अनलॉक के बाद लगातार बढ़ रहे मरीजों की स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को देखते हुए लगभग सभी विभागों की ओपीडी फिर से खोल दी गई है। डा. यूबी मिश्रा ने बताया कि प्रतीक्षारत मरीजों की सर्जरी करने के लिए जल्द ही ऑपरेशन थियेटर की सुविधाएं भी बहाल कर दी जाएंगी।