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Rishikesh News: छुआ-छूत से नहीं फैसला है कुष्ठ रोग
Sat, 31 Jan 2026 01:50 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Sat, 31 Jan 2026 01:50 AM IST
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विश्व कुष्ठ दिवस पर एचआईएमएस ने चलाया जागरूकता अभियान: अस्पताल
विश्व कुष्ठ दिवस पर हिमालयन इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (एचआईएमएस) जौलीग्रांट में त्वचा रोग विभाग की ओर से जन जागरूकता अभियान चलाया गया। इस दौरान अस्पताल की ओपीडी में आने वाले लोगों को कुष्ठ रोग के बारे में जानकारी दी गई।
विभागाध्यक्ष डॉ. रश्मि जिंदल ने लोगों को कुष्ठ रोग के लक्षण व उपचार के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि कुष्ठ रोग एक माइकोबैक्टीरियम कीटाणु से होता है। इसके शुरुआती लक्षण त्वचा में सफेद व लाल रंग के धब्बे बन जाना, हाथ पैरों में सुन्नपन के साथ कमजोरी महसूस करना शामिल है।
डॉ. वाईएस बिष्ट ने कहा कि सही समय पर बीमारी की पहचान कर उपचार से यह बीमारी पूरी तरह ठीक हो सकती है। यह एक भ्रांति है कि कुष्ठ रोग छुआ-छूत से फैलता है यह बीमारी छूआ-छूत की बीमारी नहीं है। इस बीमारी का इलाज सरकार की तरफ से पूरी तरह निशुल्क है।
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डॉ. समरजीत रॉय और डॉ. रूचि हेमदानी ने कहा कि विभाग प्रतिवर्ष त्वचा रोग से जुड़ी सामाजिक भ्रांतियों के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए इस तरह के आयोजन करता है। एमबीबीएस के छात्र-छात्राओं ने पोस्टर प्रदर्शनी का आयोजन कर लोगों को कुष्ठ रोग के संभावित लक्षण की पहचान व इलाज की जानकारी दी गई। इस अवसर पर डॉ. अर्णव मित्तल, डॉ. दर्शना, डॉ. जागृति, डॉ. वृंदा अग्रवाल, डॉ. तबीर रहमान, डॉ. शोभित जैन, डॉ. साक्षी शाह, डॉ. टीना राजपूत, डॉ. सिमरन कौर, डॉ. पूर्वी जैन आदि उपस्थित रहे।
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विभागाध्यक्ष डॉ. रश्मि जिंदल ने लोगों को कुष्ठ रोग के लक्षण व उपचार के बारे में जानकारी देते हुए बताया कि कुष्ठ रोग एक माइकोबैक्टीरियम कीटाणु से होता है। इसके शुरुआती लक्षण त्वचा में सफेद व लाल रंग के धब्बे बन जाना, हाथ पैरों में सुन्नपन के साथ कमजोरी महसूस करना शामिल है।
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डॉ. वाईएस बिष्ट ने कहा कि सही समय पर बीमारी की पहचान कर उपचार से यह बीमारी पूरी तरह ठीक हो सकती है। यह एक भ्रांति है कि कुष्ठ रोग छुआ-छूत से फैलता है यह बीमारी छूआ-छूत की बीमारी नहीं है। इस बीमारी का इलाज सरकार की तरफ से पूरी तरह निशुल्क है।
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डॉ. समरजीत रॉय और डॉ. रूचि हेमदानी ने कहा कि विभाग प्रतिवर्ष त्वचा रोग से जुड़ी सामाजिक भ्रांतियों के बारे में लोगों को जागरूक करने के लिए इस तरह के आयोजन करता है। एमबीबीएस के छात्र-छात्राओं ने पोस्टर प्रदर्शनी का आयोजन कर लोगों को कुष्ठ रोग के संभावित लक्षण की पहचान व इलाज की जानकारी दी गई। इस अवसर पर डॉ. अर्णव मित्तल, डॉ. दर्शना, डॉ. जागृति, डॉ. वृंदा अग्रवाल, डॉ. तबीर रहमान, डॉ. शोभित जैन, डॉ. साक्षी शाह, डॉ. टीना राजपूत, डॉ. सिमरन कौर, डॉ. पूर्वी जैन आदि उपस्थित रहे।