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कर्तव्यों की याद दिलाता है समर्पण दिवस : नेगी
Fri, 24 Jan 2025 02:01 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
संवाद न्यूज एजेंसी, ऋषिकेश
Updated Fri, 24 Jan 2025 02:01 AM IST
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पराक्रम दिवस के अवसर वसुंधरा संस्था व ऋषिकेश गंगा आरती ट्रस्ट की ओर से पूर्णानंद घाट पर गोष्ठी और गंगा आरती का आयोजन किया गया।
डाॅ. ज्योति शर्मा ने कहा कि हर वर्ष पराक्रम दिवस 23 जनवरी को मनाया जाता है। यह दिन नेताजी सुभाष चंद्र बोस को समर्पित है। इसका उद्देश्य भारत के स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान को सम्मानित करना और देशभक्ति की भावना को जागृत करना है।
डाॅ. शर्मा ने बताया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जन्म 23 जनवरी 1897 को ओडिशा के कटक में हुआ था। प्रियंका नेगी ने कहा कि भारत सरकार ने 2021 में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती के अवसर पर पराक्रम दिवस मनाने की घोषणा की थी।
पराक्रम दिवस का उद्देश्य नेताजी के जीवन और उनकी शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाना है। यह दिन हर भारतीय को अपने कर्तव्यों और देश के प्रति समर्पण की याद दिलाता है। कार्यक्रम के बाद गंगा आरती की गई। इस अवसर पर ऋषिकेश गंगा आरती ट्रस्ट के अध्यक्ष हरिओम शर्मा, रीता सेमवाल, सरिता पेटवाल, ज्योतिषाचार्य आचार्य सोनिया राज, रीना उनियाल पुष्पा शर्मा, आशा डंग, वंदना नेगी आदि मौजूद रहे।
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डाॅ. ज्योति शर्मा ने कहा कि हर वर्ष पराक्रम दिवस 23 जनवरी को मनाया जाता है। यह दिन नेताजी सुभाष चंद्र बोस को समर्पित है। इसका उद्देश्य भारत के स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान को सम्मानित करना और देशभक्ति की भावना को जागृत करना है।
डाॅ. शर्मा ने बताया कि नेताजी सुभाष चंद्र बोस का जन्म 23 जनवरी 1897 को ओडिशा के कटक में हुआ था। प्रियंका नेगी ने कहा कि भारत सरकार ने 2021 में नेताजी सुभाष चंद्र बोस की 125वीं जयंती के अवसर पर पराक्रम दिवस मनाने की घोषणा की थी।
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पराक्रम दिवस का उद्देश्य नेताजी के जीवन और उनकी शिक्षाओं को जन-जन तक पहुंचाना है। यह दिन हर भारतीय को अपने कर्तव्यों और देश के प्रति समर्पण की याद दिलाता है। कार्यक्रम के बाद गंगा आरती की गई। इस अवसर पर ऋषिकेश गंगा आरती ट्रस्ट के अध्यक्ष हरिओम शर्मा, रीता सेमवाल, सरिता पेटवाल, ज्योतिषाचार्य आचार्य सोनिया राज, रीना उनियाल पुष्पा शर्मा, आशा डंग, वंदना नेगी आदि मौजूद रहे।
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