फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Rishikesh News ›   Amazing... Tehsil depends on the in-charge.

Rishikesh News: गजब... प्रभारी के भरोसे तहसील

Sat, 21 Dec 2024 01:00 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Sat, 21 Dec 2024 01:00 AM IST
विज्ञापन
Amazing... Tehsil depends on the in-charge.
तहसील यमकेश्वर में एसडीएम, तहसीलदार व नायब तहसीलदार नहीं हैं। एसडीएम व तहसीलदार की जिम्मेदारी अन्य तहसीलों के अधिकारियों के पास है। जो यहां कभी कभार ही दर्शन देते हैं। जबकि नायब तहसीलदार एक दिसंबर से प्रशिक्षण में हैंं। इसकी वजह से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
विज्ञापन


बीते 12 दिसंबर को यमकेश्वर तहसील के एसडीएम सीएस चौहान का तबादला ऊधमसिंह नगर हो गया था। एक सप्ताह से अधिक समय बीत जाने के बाद भी यहां नियमित एसडीएम की तैनाती नहीं हो पाई है। तहसील की जिम्मेदारी एसडीएम अनिल चिन्याल को दी गई है। जिनके पास तीन अन्य तहसीलों का प्रभार है।
विज्ञापन




यहां तैनात तहसीलदार सुधा डोभाल का बीते फरवरी माह में तबादला हो गया था। उनके बाद से यहां तहसीलदार की तैनाती नहीं हुई है। तहसीलदार का प्रभार साक्षी उपाध्याय को दिया गया है। लेकिन उनके पास छह अन्य तहसीलों का भी प्रभार है। साक्षी उपाध्याय के छुट्टी पर जाने के बाद प्रशिक्षु आईएएस दीक्षिता जोशी को प्रभार सौंपा गया है, जो अभी तक यहां नहीं आई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


बीते 29 नवंबर के बाद से वह यमकेश्वर तहसील में नहीं बैठ पाई है। नायब तहसीलदार वैभव जोशी भी एक दिसंबर से प्रशिक्षण के सिलसिले में मुख्यालय से बाहर हैं। वर्तमान में यमकेश्वर तहसील बिना अधिकारियों के ही संचालित हो रही है। जिसका खामियाजा स्थानीय निवासियों को भुगतना पड़ रहा है।



---

ये कार्य हो रहे प्रभावित



तहसील में अधिकारियों के न होने से सबसे अधिक प्रभावित कोर्ट संबंधी कार्य हो रहे हैं। इसके अलावा प्रमाणपत्र भी नहीं बन पा रहे हैं। तहसील से स्थाई निवास प्रमाणपत्र, जाति प्रमाणपत्र, आय प्रमाणपत्र, आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग प्रमाणपत्र नहीं बन पा रहे हैं। भूमि दस्तावेजों संबंधित कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।

---



- जिला प्रशासन की ओर से यमकेश्वर तहसील की उपेक्षा की जा रही है। तहसील में एक भी अधिकारी नहीं है। जिसका खामियाजा ग्रामीणों को भुगतना पड़ रहा है। - मनीष भट्ट, बूंगा गांव



---

- तहसील में अधिकारियों के न होने से व्यवस्थाएं पटरी से उतर रही हैं। लोगों को प्रमाणपत्र आदि के लिए चक्कर लगाने पड़ रहे हैं। अब लोगों में आक्रोश पनप रहा है। राजकुमार भट्ट, बूंगा गांव

---



- ग्रामीण विभिन्न कार्यों के लिए वाहन बुक कर तहसील पहुंचते हैं। लेकिन कार्य नहीं हो पाता है। जिससे ग्रामीणों को आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। - बीरपाल सिंह पयाल, कोठार गांव

---



- पुराने प्रमाण पत्रों का नवीनीकरण नहीं हो पा रहा है। कई योजनाओं के लाभ से हम वंचित हो रहे हैं। प्रशासन तहसील में अधिकारियों की तैनाती नहीं कर पा रहा है। - अनिल असवाल, व्यवसायी, दिउली



--------

- एसडीएम का तबादला होने के बाद एसडीएम सतपुली अनिल चन्याल को अतिरिक्त प्रभार सौंपा गया है। प्रशिक्षु आईएएस दीक्षिता जोशी को तहसीलदार का प्रभार दिया गया है। दोनों अधिकारियों को रोटेशन के अनुसार विभागीय कार्याें के संपादन के निर्देश दिए गए हैं। - डाॅ. आशीष चौहान, डीएम पौड़ी
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed