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Pithoragarh News: जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड ठप, बैरंग लौटे मरीज
Tue, 14 Jul 2026 10:38 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Tue, 14 Jul 2026 10:38 PM IST
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पिथौरागढ़। जिला अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट के शिविर में जाने से अल्ट्रासाउंड ठप रहे। मरीजों को बगैर जांच के बैरंग लौटना पड़ा। कई मरीजों ने निजी अस्पताल जाकर जांच कराई।
जिला अस्पताल में तैनात एकमात्र रेडियोलॉजिस्ट की ड्यूटी गंगोलीहाट में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में लगा दी गई है। ऐसे में जिला अस्पताल पहुंचे मरीज परेशान रहे। दूर-दराज से पहुंचे मरीजों की जांच नहीं हुई। मजबूरन कई मरीजों को निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ा।
जांच के लिए पहुंचे कनालीछीना के रमेश राम, मुनस्यारी के कैलाश सिंह, झूलाघाट की मंजू भट्ट आदि मरीजों ने कहा कि अल्ट्रासाउंड बंद होने की जानकारी जिला अस्पताल पहुंचने के बाद मिल रही है। ऐसे में हमारा समय और धन दोनों खर्च हो रहा है।
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उन्होंने कहा कि यदि दूसरे रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती होती तो नियमित जांच होती। एकमात्र रेडियोलॉजिस्ट को शिविरों में भेजना गलत है। वहीं बाल रोग विशेषज्ञ को भी शिविर में भेजने से जिला अस्पताल में बच्चों को इलाज नहीं मिला।
अभिभावकों को बच्चों के इलाज के लिए भटकना पड़ा। पीएमएस डॉ. डीपी सिंह ने बताया कि शिविर के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें इसके लिए विशेषज्ञों को भेजा जा रहा है।
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जिला अस्पताल में तैनात एकमात्र रेडियोलॉजिस्ट की ड्यूटी गंगोलीहाट में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में लगा दी गई है। ऐसे में जिला अस्पताल पहुंचे मरीज परेशान रहे। दूर-दराज से पहुंचे मरीजों की जांच नहीं हुई। मजबूरन कई मरीजों को निजी अस्पतालों का रुख करना पड़ा।
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जांच के लिए पहुंचे कनालीछीना के रमेश राम, मुनस्यारी के कैलाश सिंह, झूलाघाट की मंजू भट्ट आदि मरीजों ने कहा कि अल्ट्रासाउंड बंद होने की जानकारी जिला अस्पताल पहुंचने के बाद मिल रही है। ऐसे में हमारा समय और धन दोनों खर्च हो रहा है।
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उन्होंने कहा कि यदि दूसरे रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती होती तो नियमित जांच होती। एकमात्र रेडियोलॉजिस्ट को शिविरों में भेजना गलत है। वहीं बाल रोग विशेषज्ञ को भी शिविर में भेजने से जिला अस्पताल में बच्चों को इलाज नहीं मिला।
अभिभावकों को बच्चों के इलाज के लिए भटकना पड़ा। पीएमएस डॉ. डीपी सिंह ने बताया कि शिविर के माध्यम से दूरस्थ क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकें इसके लिए विशेषज्ञों को भेजा जा रहा है।