{"_id":"5a369d5c4f1c1b4e718b9a32","slug":"the-movement-of-vehicles-remained-stagnant-for-three-hours","type":"story","status":"publish","title_hn":"वाहनों की आवाजाही तीन घंटे ठप रही","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
वाहनों की आवाजाही तीन घंटे ठप रही
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Sun, 17 Dec 2017 10:07 PM IST
विज्ञापन
बारहमासी सड़क पर मटेला के पास मलबा हटाती जेसीबी
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
बारहमासी सड़क पर रविवार को भी लोगों को मुसीबतों का सामना करना पड़ा। पूरे दिन अलग-अलग चरणों में तीन घंटे तक वाहनों की आवाजाही ठप रही। प्रशासन ने लगातार पैदा हो रही जाम की स्थिति को देखते हुए एनएच के अधिकारियों को आदेश दिए हैं कि आपस में तालमेल बनाकर चलें और यातायात को कम से कम बाधित करें। डीएम सी रविशंकर ने यह भी कहा है कि सड़क की कटिंग का काम रात के समय किया जाए।
विज्ञापन
रविवार सुबह आठ बजे से मुख्य सड़क पर लगातार मलबा गिरने से यातायात कई बार बाधित हुआ। घाट, मटेला, मीना बाजार, शहीद द्वार, कंतगांव के पास सड़क की हालत बेहद खराब हो गई है। सड़क को चौड़ा करने के लिए पहाड़ी को काटा जा रहा है। यह मलबा सीधे राष्ट्रीय राजमार्ग पर गिर रहा है। यह समस्या पिछले एक महीने से बनी हुई है। सड़क पर गिरा मलबा हटाने में जेसीबी को कम से कम एक घंटे का समय लग रहा है। इस दौरान वाहनों की आवाजाही पूरी तरह बंद रहती है।
विज्ञापन
पिथौरागढ़ से घाट होते हुए वाहन टनकपुर, अल्मोड़ा, हल्द्वानी, गंगोलीहाट, चंपावत, लोहाघाट के लिए जाते हैं। इसी मार्ग से मरीजों को लेकर जाने वाली एंबुलेंस भी निकलती हैं। जिले को रसोईगैस, सब्जी, राशन की सप्लाई भी इसी मार्ग से होती है। हालांकि लोगों का कहना है कि बारहमासी सड़क का निर्माण पूरा होने पर यातायात सुगम हो जाएगा और इस सड़क के बंद होने का खतरा समाप्त हो जाएगा। कुछ लोग इसे जिले के लिए बड़ी उपलब्धि भी मानते हैं।
विज्ञापन
फिलहाल लोगों को इन दिनों भारी संकटों का सामना करना पड़ रहा है। इधर, विभागीय अधिकारियों का कहना है कि सड़क का निर्माण कार्य पूरा होने में अभी छह महीने का समय और लग सकता है। अगले साल जून से ही इस सड़क पर वाहनों की सही तरीके से आवाजाही संभव हो पाएगी।