फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Nainital News ›   The Government Girls School in Tamanauli will now offer classes from Class 6 to high school

UK News: जज्बा जीता...सन्नाटा टूटा, 19 साल बाद बेटियां गांव में करेंगी पढ़ाई, यहां आंदोलन के बाद जागी उम्मीद

Fri, 17 Oct 2025 01:26 PM IST
हीरा मेहरा अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़
अमर उजाला नेटवर्क, पिथौरागढ़ Published by: हीरा मेहरा Updated Fri, 17 Oct 2025 01:26 PM IST
सार

तामानौली के राजकीय कन्या विद्यालय में 19 वर्षों के इंतजार और आंदोलन के बाद रौनक लौटी है। वर्ष 2006 में बने इस स्कूल में अब कक्षा 6 से हाईस्कूल तक की पढ़ाई होगी और सभी विषयों की शिक्षिकाएं नियुक्त हो चुकी हैं।

विज्ञापन
The Government Girls School in Tamanauli will now offer classes from Class 6 to high school
सांकेतिक तस्वीर।

विस्तार

कभी सन्नाटे में डूबे रहने वाले तामानौली के राजकीय कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में राैनक लाैट आई है। जिस स्कूल में वर्षों तक केवल नौवीं और दसवीं की कक्षाएं लगती थीं वहां अब कक्षा छह से हाईस्कूल तक की शिक्षा बेटियों को मिलेगी। 19 वर्षों की लंबी प्रतीक्षा और लंबे आंदोलन के बाद इस विद्यालय में सभी विषयों की शिक्षिकाओं की नियुक्ति हो चुकी है। यानी बेटियों के सपनों को अब पंख मिल गए हैं।वर्ष 2006 में करीब 80 लाख रुपये की लागत से बने इस विद्यालय को क्षेत्र के लोगों ने बड़ी उम्मीदों से देखा था।

विज्ञापन


मल्ला गर्खा, लेछुरालजोशी, बिर्गोली, सुंगाल, ब्यालकटिया, नरग्वाड़ी, जमतड़ी और आसपास के 20 से अधिक गांवों की बेटियां यहीं से पढ़ाई कर ऊंचाइयां छूने का सपना देखती थीं। समय ने कुछ और ही खेल खेला और स्कूल महज हाईस्कूल की दो कक्षाओं तक सीमित होकर रह गया।लोगों ने आवाज उठाई। ज्ञापन दिए। धरने हुए और आखिरकार आंदोलन रंग लाया। शासन ने तामानौली विद्यालय में कक्षा छह से दसवीं तक की पढ़ाई व्यवस्था को दुरुस्त करने से जुड़े आदेश जारी कर दिए। पहले यहां सिर्फ गृह विज्ञान, कला और सामाजिक विज्ञान की शिक्षिकाएं थीं।
विज्ञापन


अब हिंदी, गणित, विज्ञान और अंग्रेजी विषय की शिक्षिकाओं की भी नियुक्ति कर दी गई है। चारों शिक्षिकाओं को तामानौली विद्यालय में कार्यभार ग्रहण करने के आदेश जारी हो चुके हैं। यानी इस बार बेटियां किसी विषय में पीछे नहीं रहेंगी।इस निर्णय से पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर है। अभिभावकों का कहना है कि अब उनकी बेटियों को दूरस्थ विद्यालयों में जाने की मजबूरी नहीं रहेगी। गांव की बेटियां अब अपने घर के पास गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पा सकेंगी। भेरंग पट्टी का यह विद्यालय अब पूरे क्षेत्र में बेटियों की शिक्षा का प्रतीक बन गया है। कभी खाली पड़ी कक्षाओं में अब उम्मीदों के कदमों की आहट है।

विज्ञापन
विज्ञापन

क्षेत्र के एकमात्र कन्या उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में सिर्फ दो कक्षाओं का संचालन किया जा रहा था। लोगों के आंदोलन के बाद शासन ने इस विद्यालय में सभी कक्षाओं के संचालन का आदेश जारी कर शिक्षकों की नियुक्ति की है। इसका लाभ क्षेत्र की बेटियों को मिलेगा। जगत सिंह खाती, पूर्व पालिकाध्यक्ष, पिथौरागढ़



तामानौली कन्या विद्यालय में सभी कक्षाएं संचालित होंगी। इसमें सभी पदों पर शिक्षिकाओं की तैनाती हुई है। इस विद्यालय में आने वाली सभी छात्राओं को प्रवेश दिया जाएगा। इस सत्र में भी यह संभव है। -हरक राम कोहली, सीईओ, पिथौरागढ़

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed