फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Rainfall of Boulders, occurring on the Allway Road for 12 hours

ऑलवेदर सड़क पर 12 घंटे तक होती रही बोल्डरों की बारिश

Wed, 05 Sep 2018 10:36 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़ Updated Wed, 05 Sep 2018 10:36 PM IST
विज्ञापन
Rainfall of Boulders, occurring on the Allway Road for 12 hours
पिथौरागढ़-घाट मार्ग पर चुपकोट के पास गिरा मलबा - फोटो : अमर उजाला

ऑलवेदर सड़क पर बुधवार सुबह पिथौरागढ़ और घाट के बीच में पहाड़ी दरक गई। पहाड़ी से 12 घंटे तक लगातार मलबा और बोल्डर गिरने से दिन भर वाहनों का आवागमन बंद रहा। दोनों ओर सैकड़ों की संख्या में वाहन फंस गए। इस दौरान यात्रियों को घंटों तक भूखे-प्यासे रहना पड़ा। अपरान्ह तीन बजे तक भी सड़क नहीं खुलने के बाद मैदानी क्षेत्र को जा रही अधिकतर बसें पिथौरागढ़ लौट गई।

विज्ञापन


बुधवार सुबह करीब चार बजे पिथौरागढ़-घाट के बीच में चुपकोट के पास पहाड़ी से भूस्खलन हो गया। इससे वाहनों की आवाजाही ठप रही। इसके बाद मलबा हटाने के लिए दोनों ओर से जेसीबी लगाई गई। पहाड़ी से लगातार मलबा और पत्थरों के गिरने से मलबा हटाने का काम सुचारु रूप से नहीं हो सका। इस दौरान दोनों ओर चार किलोमीटर तक वाहनों की कतारें लग गई। आसपास कोई दुकानें नहीं होने से यात्रियों को पीने का पानी तक नहीं मिला। कुछ यात्री जान जोखिम में डालकर पैदल ही दूसरी ओर चले गए।
विज्ञापन


सड़क नहीं खुलने पर अपरान्ह तीन बजे रोडवेज की बसें पिथौरागढ़ को लौट आई। इससे रोडवेज को भी लाखों रुपयों का नुकसान उठाना पड़ा है। जरूरी काम से देहरादून, दिल्ली, बरेली और टनकपुर जा रहे अधिकतर यात्री भी लौट आए। लगभग चार बजे मलबा कुछ समय के लिए हटा, इसके बाद लगभग दो सौ वाहन मलबे वाले स्थान से पार हुए। इसके बाद फिर पहाड़ी से बोल्डर गिर गए। भारी मात्रा में चट्टानों के दरकने से फिर मार्ग बंद हो गया। मैदानी क्षेत्रों से पिथौरागढ़ आ रहे लोग 12 घंटे बाद भी मार्ग खुलने की प्रतीक्षा में बैठे थे। पिथौरागढ़ से टनकपुर जा रहे सेना के वाहन भी मार्ग बंद होने से लौट आए। समाचार लिखे जाने तक मार्ग बंद था।
विज्ञापन
विज्ञापन


हायर सेंटर रेफर किए गए मरीजों की जान सांसत में
पिथौरागढ़। पिथौरागढ़ की लाइफ लाइन कही जाने वाली पिथौरागढ़-घाट सड़क के दस घंटे से अधिक समय तक बंद रहने से कई मरीजों की जान भी सांसत में पड़ गई। बुधवार सुबह जिला अस्पताल से लगभग पांच मरीज अलग-अलग एंबुलेंस से हायर सेंटर रेफर किए गए। सुबह के समय तीन दिन के नवजात को हल्द्वानी ले जा रही एक एंबुलेंस भी घंटों तक फंसी रही। मुनस्यारी की ममता का तीन दिन पहले बच्चा पैदा हुआ था। उसे सांस की दिक्कत होने पर डॉक्टरों ने हल्द्वानी रेफर किया था। मार्ग पर घंटों तक एंबुलेंस के फंसने से परिजन परेशान हो गए। एंबुलेंस को बमुश्किल खतरे वाले स्थान से निकाला गया। इसके बाद परिजन हल्द्वानी को रवाना हुए। इसके अलावा मरीजों को ले जा रही चार अन्य एंबुलेंसों को भी घंटों तक इंतजार करना पड़ा। सड़क बंद होने से बुधवार को पिथौरागढ़ शहर में समाचार पत्र भी शाम पांच बजे पहुंचे।

पहाड़ी के बड़े हिस्से पर पड़ी दरार
पिथौरागढ़। चुपकोट के पास भूस्खलन वाले स्थान पर खतरा बना है। पहाड़ी के ऊपरी हिस्से पर एक बड़ी दरार पड़ी है। निचले हिस्से से बोल्डर लगातार गिरने के कारण दरार वाले भाग के दरकने का खतरा बना है। एनएच के एई पीएल चौधरी ने बताया कि मनाही के बावजूद रात में कई वाहनों की आवाजाही हो रही है। ऐसे में पहाड़ी से बोल्डर गिरने के कारण हादसा हो सकता है। उन्होंने लोगों से रात में वाहनों का संचालन न करने की अपील की।


पुलिस के तीन जवानों के भरोसे छोड़ी व्यवस्था
पिथौरागढ़। पहाड़ी से लगातार गिरते बोल्डर और दोनों ओर सैकड़ों की संख्या में यात्रियों की भीड़ होने के बावजूद प्रशासन ने मात्र तीन जवानों को मौके पर तैनात किया था। खतरे वाले स्थान पर पैदल जाने वाले यात्रियों को सुरक्षित पहुंचाने के लिए एसडीआरएफ के जवानों तक को नहीं भेजा गया। सड़क खुलने पर पहले निकलने की होड़ में कई बार अफरातफरी हुई, इससे मौके पर तैनात ठेकेदार प्रकाश जोशी के दोनों पैरों में चोटें आई, जबकि बोल्डरों की चपेट में आने से कुछ यात्री चोटिल होने से बचे। सड़क बंद होने की सूचना के बाद एसडीएम संतोष कुमार पांडेय ने भी मौके पर पहुंचकर जायजा लिया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed