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उत्तराखंड के जंगलों में आग : पिथौरागढ़ में धधके कालीनाग, रिगुनिया और मलानी क्षेत्र के जंगल
Wed, 10 Jun 2020 11:09 AM IST
अमर उजाला लोकल ब्यूरो
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, नाचनी (पिथौरागढ़)
न्यूज़ डेस्क, अमर उजाला, नाचनी (पिथौरागढ़)
Published by: अमर उजाला लोकल ब्यूरो
Updated Wed, 10 Jun 2020 11:09 AM IST
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नाचनी के जंगलों से उठता धुंआ।
- फोटो : AMAR UJALA
फायर सीजन के अंतिम सप्ताह में बेड़ीनाग रेंज के कालीनाग बीट में रिगुनिया और मलानी क्षेत्र के जंगल आग से धधक रहे हैं। छह घंटे बीतने के बाद भी आग बुझाने के लिए वन विभाग की टीम मौके पर नहीं पहुंची। इस वर्ष बारिश के चलते वनाग्नि की घटनाएं नहीं हुईं।
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दो दिन मौसम साफ रहने से तापमान में बढ़ोत्तरी होते ही जंगल में आग लग गई। मंगलवार को क्षेत्र के जंगलों में तीन जगहों में अराजक तत्वों ने आग लगा दी। लगभग दो हेक्टेअर मिश्रित वन आग की भेंट चढ़ गया। विभाग पंद्रह फरवरी से वनाग्नि नियंत्रण का जागरूकता कार्यक्रम करने में लगा है।
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आग से चीड़ के अलावा, बाज, फल्याट, हरड़, आंवला, सानन आदि वृक्षों की प्रजातियों को नुकसान पहुंचा है। इधर बेड़ीनाग की वन क्षेत्राधिकारी चंद्रा मेहरा ने कहा कि प्रत्येक बीट में फारेस्ट गार्ड, वनकर्मी और फायर वाचर रखे गए हैं। कर्मियों को मौके पर भेजकर आग पर नियंत्रण कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि वनों में आग लगाने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
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