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ग्रामीण अंचलों तक पहुंची बांध विरोधी आग
ब्यूरो/अमर उजाला, पिथौरागढ़
Updated Wed, 26 Jul 2017 10:30 PM IST
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पंचेश्वर बांध के विरोध में सरकार का पुतला फूंकते बगड़ीहाट के लोग
- फोटो : अमर उजाला
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पंचेश्वर बांध के विरोध की आग दूरदराज गांवों तक पहुंचने लगी है। महाकाली के किनारे स्थित बगड़ीहाट के लोगों ने केंद्र और राज्य सरकार का पुतला फूंका। बगड़ीहाट भी पंचेश्वर बांध के डूब क्षेत्र में आ रहा है। गांव में महाकाली की आवाज संगठन बन गया है। अब भविष्य में सभी आंदोलन इसी संगठन के बैनर चले चलाए जाएंगे।
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बगड़ीहाट में पंचेश्वर बांध के डीपीआर की प्रति मंगलवार शाम पहुंची। बगड़ीहाट महाकाली घाटी का सबसे उपजाऊ इलाका है। यहां के लोगों को यह चिंता सताने लगी है कि यह उपजाऊ घाटी बांध में विलीन हो जाएगी। लोगों के सामने जीवनयापन का संकट खड़ा हो जाएगा। क्षेत्र पंचायत सदस्य मानी राम के नेतृत्व में एकत्र हुए लोगों ने कहा कि सरकार विशाल बांध का निर्माण कर सैकड़ों गांवों की हजारों आबादी को बेदखल कर देगी। उपप्रधान दलीप राम ने कहा कि जनसुनवाई को नेपाल की तरह किया जाना चाहिए। बगड़ीहाट के उस पार गोकुलेश्वर में नेपाल सरकार ने तीन बार जनसुनवाई की थी और लोगों के पक्ष को गंभीरता से जाना था।
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गांव के लोगों ने कहा कि यदि सरकार बांध निर्माण से पीछे नहीं हटती तो उसे बांध की ऊंचाई कम करनी चाहिए और इसका आकार छोटे बांध की तरह रखना चाहिए। पुतला फूंकने वालों में जोगा राम, सुरेश पाल, किशोर कुमार, महेश गिरी, सुरेश कुमार, हरी राम, कालू राम, बलबीर कुमार आदि शामिल थे। महाकाली नदी के किनारे स्थित हर गांव में अब बांध के विरोध में माहौल खड़ा होने लगा है। हर गांव में अलग-अलग दिन प्रदर्शन, पुतला दहन के कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं।
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