फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttarakhand ›   Pithoragarh News ›   Dispute over the proposed road up to Lamda village resolved

Pithoragarh News: लमड़ा गांव तक प्रस्तावित सड़क का विवाद सुलझा

Sun, 21 May 2023 11:10 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़ Updated Sun, 21 May 2023 11:10 PM IST
विज्ञापन
Dispute over the proposed road up to Lamda village resolved
बैठक में उपस्थित लमड़ा, नैनी के ग्रामीण और अधिकारी। संवाद
कनालीछीना (पिथौरागढ़)। कनालीछीना के लमड़ा गांव तक प्रस्तावित सड़क का विवाद सुलझ गया है। अब कसपतिया-नैनी होते हुए भनारीईजर से लमड़ा गांव तक सड़क का निर्माण हो सकेगा। कनालीछीना के लमड़ा गांव के लिए वर्ष 2007 में सड़क स्वीकृत हुई थी। नैनी से होते हुए लमड़ा गांव तक प्रस्तावित यह सड़क कहीं पर वन भूमि तो कहीं अलाइनमेंट के पेंच में फंस गई। इसके चलते 16 साल बीतने के बाद भी लमड़ा गांव अभी तक सड़क से नहीं जुड़ पाया है। यातायात सुविधा नहीं होने से यहां के लोगों को चार से पांच किलोमीटर की दूरी पैदल ही तय करनी पड़ती है।
विज्ञापन

कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश उपाध्याय की पहल पर लोक निर्माण विभाग, राजस्व के अधिकारियों की मौजूदगी में लमड़ा और नैनी के ग्रामीणों की बैठक हुई। बैठक में सर्वसम्मति से सड़क निर्माण के लिए भूमि उपलब्ध कराने की बात कही गई। बैठक में तय हुआ कि मोटर मार्ग का निर्माण कसपतिया से नैनी होते हुए भनारीईजर से लमड़ा तक होगा। इस सड़क के बनने से लमड़ा, भनारीईजर और नैनी के ग्रामीणों को सुविधा मिलेगी। बैठक में शंकर दत्त उपाध्याय, प्रकाश उपाध्याय, त्रिलोचन उपाध्याय, प्रेम प्रकाश, हेमंत, कैलाश चंद्र, दीपक धामी, नारायण सिंह धामी, मंजू देवी, सरपंच मनोहर सिंह आदि ग्रामीण उपस्थित थे।
विज्ञापन

...इनसेट...
सड़क नहीं बनने से अधिकांश परिवार कर चुके पलायन
कनालीछीना। लमड़ा गांव से नेशनल हाइवे तक पहुंचने के लिए लगभग चार किमी की खड़ी चढ़ाई चढ़नी पड़ती है। गांव तक जंगल से होकर पहुंचना पड़ता है। छोटी मोटी जरूरतों के लिए भी ग्रामीणों को कनालीछीना बाजार तक दौड़ लगानी पड़ती है। इन तमाम दिक्कतों का सामना करते हुए लमड़ा गांव के अधिकांश परिवार कनालीछीना, पिथौरागढ़ और हल्द्वानी शहरों में पलायन कर चुके हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व दर्जा राज्य मंत्री हरीश उपाध्याय ने बताया कि एनडी तिवारी शासनकाल में उन्होंने गांव के लिए सड़क स्वीकृत कराई थी।
विज्ञापन
विज्ञापन

कोट
कनालीछीना के लमड़ा गांव के लिए 3.80 किलोमीटर सड़क प्रस्तावित है। सड़क में वन विभाग की ओर से आपत्ति आई थी उसका निराकरण किया जा रहा है। स्थानीय स्तर पर जो आपत्तियां थीं उनका समाधान ग्रामीणों की बैठक में किया जा चुका है।

सुमित सैनी, जेई लोनिवि अस्कोट।
................
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed