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Pithoragarh News: रूढि़यों को दरकिनार कर बेटी ने दी पिता की चिता को मुखाग्नि
Wed, 04 Feb 2026 10:40 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Wed, 04 Feb 2026 10:40 PM IST
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भुजगड़ नदी के तट पर पिता की चिता को मुखाग्नि देती पुष्पा। स्रोत: ग्रामीण
नाचनी (पिथौरागढ़)। रूढि़यों को दरकिनार करते हुए बांसबगड़ की एक बेटी ने अपने पिता की चिता को मुखाग्नि देकर उनका अंतिम संस्कार किया। भाई को खोने वाली इस बेटी ने पिता की अर्थी को कंधा दिया और चिता को मुखाग्नि देते हुए बेटे का फर्ज भी निभाया।
खेताली गांव निवासी खड़क सिंह लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उनकी पत्नी की कुछ समय पहले मौत हो चुकी है। खड़क सिंह के पुत्र का भी 25 वर्ष पूर्व निधन हो गया था। उनकी दो पुत्रियां हैं जो विवाहित हैं। बीते मंगलवार को बीमारी के चलते खड़क सिंह का निधन हो गया। बीमारी में बेटी पुष्पा ने बेटा बनकर पिता की सेवा की। उनकी मौत के बाद उसने बेटी होकर बेटे का फर्ज निभाया। पुष्पा भुजगड़ नदी के तट पर पहुंची और पिता की चिता को मुखाग्नि देकर उनका अंतिम संस्कार किया। संवाद
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खेताली गांव निवासी खड़क सिंह लंबे समय से गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे। उनकी पत्नी की कुछ समय पहले मौत हो चुकी है। खड़क सिंह के पुत्र का भी 25 वर्ष पूर्व निधन हो गया था। उनकी दो पुत्रियां हैं जो विवाहित हैं। बीते मंगलवार को बीमारी के चलते खड़क सिंह का निधन हो गया। बीमारी में बेटी पुष्पा ने बेटा बनकर पिता की सेवा की। उनकी मौत के बाद उसने बेटी होकर बेटे का फर्ज निभाया। पुष्पा भुजगड़ नदी के तट पर पहुंची और पिता की चिता को मुखाग्नि देकर उनका अंतिम संस्कार किया। संवाद
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