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कैलास यात्रियों का अंतिम दल भी दिल्ली लौटा
ब्यूरो/अमर उजाला, धारचूला
Updated Wed, 07 Sep 2016 10:23 PM IST
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मंदिर में प्रार्थना करते अंतिम दल के कैलास यात्री
- फोटो : अमर उजाला
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कैलास मानसरोवर यात्रियों का अंतिम और 18वां दल बुधवार को दिल्ली रवाना हो गया। नौ सितंबर को इस दल के दिल्ली पहुंचते ही इस वर्ष की यात्रा का समापन हो जाएगा। 18वें दल के सभी 36 यात्रियों ने सकुशल अपनी यात्रा पूरी की है। अंतिम दल के धारचूला वापस पहुंचने पर कुमाऊं मंडल विकास निगम के कर्मचारियों ने भव्य स्वागत किया एवं धार्मिक यात्रा सकुशल पूरा करने पर यात्रियों को बधाई दी।
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यात्रियों का कुमाऊं स्काउट्स में भी भव्य स्वागत किया गया। यात्रियों को सम्मान में टोपी पहनाई गई। यात्रियों ने सेना परिसर के पास स्थित हुस्कर मंदिर में पूजा की। दल के लायजन ऑफीसर उत्तराखंड पुलिस के महानिरीक्षक संजय गुंज्याल ने कहा कि पिछले वर्षों तक अंतिम दल को लिपुलेख, नाभीढांग में भारी बर्फबारी का सामना करना पड़ता था, लेकिन इस बार उस इलाके में मौसम साफ था।
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कैलास यात्रा में 11वीं बार शामिल हो चुकी अल्मोड़ा निवासी कामिनी कश्यप ने कहा कि तिब्बत में सीमा पर बहुत तेजी से विकास कार्य हो रहे हैं, लेकिन भारतीय क्षेत्र में अब भी सड़क निर्माण का काम शेष है। दूसरी बार यात्रा कर आए दिल्ली निवासी अमित सिंघल ने बताया कि यात्रा में कुमाऊं मंडल विकास निगम लगातार बेहतर सुविधाएं यात्रियों को दे रही हैं। निकट भविष्य में कैलास यात्रा सबसे प्रसिद्ध धार्मिक यात्रा साबित होगी। यात्रियों के धारचूला पहुंचने पर कुमाऊं स्काउट्स के कमांडेंट ललित मिश्रा की अगुवाई में सेना के जवानों ने दल का भव्य स्वागत किया।
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स्काउट्स ने दल को ओएमसी ग्राउंड स्थित प्रसिद्ध हुस्कर मंदिर के दर्शन और पूजापाठ कराई। इस दौरान उपकमान अधिकारी गिरीश जोशी, आर्मी पब्लिक स्कूल की प्रधानाचार्य जया मिश्रा, सूबेदार मेजर पीतांबर भट्ट आदि थे। यात्राधिकारी यतीश पंत, दीवान बिष्ट ने बताया कि यात्री बुधवार को पिथौरागढ़ के बजाए डीडीहाट, थल के रास्ते दिल्ली को निकल गए।
यात्रा मार्ग पर तैनात पुलिसकर्मी लौटे
पिथौरागढ़। कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग पर गुंजी का थाना और गर्ब्यांग चौकी अभी अक्तूबर के अंत तक काम करती रहेगी। अक्तूबर के अंत में भारत-तिब्बत अंतरराष्ट्रीय स्थल व्यापार संपन्न होता है। यात्रा के दौरान तैनात किए गए एक उपनिरीक्षक, चार हेड कांस्टेबल समेत कुल 35 पुलिस कर्मियों को यात्रा संपन्न होते ही जिला मुख्यालय वापस बुला लिया गया है। पुलिस अधीक्षक रोशन लाल शर्मा ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा के लिए तैनात एसडीआरएफ की टीम भी लौट गई है। उन्होंने कहा कि इस बार की यात्रा बिना किसी बाधा के संपन्न हो गई।