{"_id":"5afc68614f1c1be9408b5ce7","slug":"51526491233-pithoragarh-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बार-बार स्थायी निवास प्रमाण पत्र बनाने की जरूरत नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बार-बार स्थायी निवास प्रमाण पत्र बनाने की जरूरत नहीं
Updated Wed, 16 May 2018 10:50 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
थल (पिथौरागढ़)। सेना भर्ती के लिए बार-बार स्थायी निवास प्रमाण पत्र बनाने की जरूरत नहीं है। कुमाऊं रेजीमेंटल सेंटर रानीखेत ने सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत मांगी जानकारी में इसकी जानकारी दी है।
यहां तड़ीगांव के सेवानिवृत्त सूबेदार भानी सिंह ने सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत सेना भर्ती में चरित्र प्रमाण पत्र, स्थायी प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र की वैधता पर जानकारी मांगी थी। कुमाऊं रेजीमेंट के जन सूचनाधिकारी लेफ्टीनेंट नक्षत्र भंडारी की ओर से दिए गए उत्तर में कहा गया है कि सेना भर्ती के लिए स्थायी निवास, जाति प्रमाण पत्र बार-बार बनाने की बाध्यता नहीं है। चरित्र प्रमाण पत्र छह माह से अधिक से पुराना नहीं होना चाहिए।
विज्ञापन
यहां तड़ीगांव के सेवानिवृत्त सूबेदार भानी सिंह ने सूचना के अधिकार अधिनियम के तहत सेना भर्ती में चरित्र प्रमाण पत्र, स्थायी प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र की वैधता पर जानकारी मांगी थी। कुमाऊं रेजीमेंट के जन सूचनाधिकारी लेफ्टीनेंट नक्षत्र भंडारी की ओर से दिए गए उत्तर में कहा गया है कि सेना भर्ती के लिए स्थायी निवास, जाति प्रमाण पत्र बार-बार बनाने की बाध्यता नहीं है। चरित्र प्रमाण पत्र छह माह से अधिक से पुराना नहीं होना चाहिए।
विज्ञापन