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तहसील दिवस में उठा बंदरों के आतंक का मामला
Updated Tue, 01 May 2018 11:05 PM IST
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गणाईगंगोली (पिथौरागढ़)। गणाईगंगोली तहसील में आयोजित तहसील दिवस में बंदरों के आतंक से निजात दिलाने समेत 16 समस्याएं उठीं।
तहसीलदार इंद्र सिंह मेहता की अध्यक्षता में आयोजित तहसील दिवस में सेरा उर्फ बडोली के प्रधान मोहन चंद्र जोशी ने बंदरों के आतंक का मामला उठाया। कहा कि बंदरों के आतंक से लोग खेती से मुंह मोड़ने लगे हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2016-17 का कन्याधन का भुगतान नहीं हुआ है।
कुनल्ता निवासी रमेश चंद्र ने 16 महीने से वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने का मामला उठाया। लोगों ने ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मामला उठाते हुए कहा कि फल, सब्जी फसल चौपट हो गई है। इसका मुआवजा दिया जाना चाहिए। इस दौरान राजस्व उप निरीक्षक देवेंद्र सिंह मेहता, देवेंद्र मर्तोलिया, सुरेश पंत, दीप चंद्र पंत, पेयजल निगम के जेई मनोज कुमार, उद्यान निरीक्षक टीडी कोहली, जल संस्थान के एई परमानंद पुनेठा आदि मौजूद थे।
बता दें कि अप्रैल के पहले मंगलवार को लगे तहसील दिवस में बंदरों का आतंक, वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने, सीमा बाजड़ में बिजली नहीं होने और वासुकीनाग के लिए मार्ग बनाने का मामला उठा था। इनमें से किसी भी मामले का निस्तारण नहीं हुआ, इस पर लोगों ने रोष जताया।
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तहसीलदार इंद्र सिंह मेहता की अध्यक्षता में आयोजित तहसील दिवस में सेरा उर्फ बडोली के प्रधान मोहन चंद्र जोशी ने बंदरों के आतंक का मामला उठाया। कहा कि बंदरों के आतंक से लोग खेती से मुंह मोड़ने लगे हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2016-17 का कन्याधन का भुगतान नहीं हुआ है।
कुनल्ता निवासी रमेश चंद्र ने 16 महीने से वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने का मामला उठाया। लोगों ने ओलावृष्टि से हुए नुकसान का मामला उठाते हुए कहा कि फल, सब्जी फसल चौपट हो गई है। इसका मुआवजा दिया जाना चाहिए। इस दौरान राजस्व उप निरीक्षक देवेंद्र सिंह मेहता, देवेंद्र मर्तोलिया, सुरेश पंत, दीप चंद्र पंत, पेयजल निगम के जेई मनोज कुमार, उद्यान निरीक्षक टीडी कोहली, जल संस्थान के एई परमानंद पुनेठा आदि मौजूद थे।
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बता दें कि अप्रैल के पहले मंगलवार को लगे तहसील दिवस में बंदरों का आतंक, वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलने, सीमा बाजड़ में बिजली नहीं होने और वासुकीनाग के लिए मार्ग बनाने का मामला उठा था। इनमें से किसी भी मामले का निस्तारण नहीं हुआ, इस पर लोगों ने रोष जताया।
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