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नेपाल सरकार को रास्ता बनाने के लिए पत्र भेजा
Updated Fri, 23 Feb 2018 11:00 PM IST
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धारचूला (पिथौरागढ़)। एसडीएम आरके पांडे ने लोनिवि के अधिकारियों से कहा कि नजंग और लखनपुर में अस्थायी पुलों का निर्माण करें। इस दौरान एसडीएम ने नेपाल सरकार को पत्र लिखकर अपने इलाके में 500 मीटर खराब रास्ते की मरम्मत करने को कहा है। इस बार इसी रास्ते का उपयोग मौसमी प्रवास से लौटने वाले और सेना की अग्रिम चौकियों को सामान भेजने के लिए किया जाएगा।
बैठक में एसडीएम ने बताया कि अप्रैल प्रथम सप्ताह से मौसमी प्रवास पर गए लोगों की घर वापसी होने लगती है। बताया गया है कि नेपाली क्षेत्र में करीब 500 मीटर रास्ता बेहद खराब है। इस कारण नेपाल सरकार को पत्र भेजा है। बताया कि इस बार मौसमी प्रवास पर लौटने वालों को नजंग से महाकाली को पार कर नेपाल में प्रवेश करना पड़ेगा और दो किलोमीटर पैदल चलकर वापस महाकाली को पार कर लखनपुर आना पड़ेगा।
एसडीएम ने बताया कि दार्चुला के विधायक ग्येलबो बोरा ने आश्वासन दिया है कि अप्रैल से पहले यह रास्ता ठीक कर दिया जाएगा। क्योंकि नेपाल के छांगरू, तिंकर, भारतीय क्षेत्र के बूंदी, गर्ब्यांग, गुंजी, नपलच्यू, रौंगकांग, नाबी और कुटी गांव के लोगों को भी इस बार अपने मूल गांव वापसी के समय इसी रास्ते का उपयोग करना पड़ेगा।
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बैठक में सीमा सड़क संगठन के मेजर रोहित, रं कल्याण संस्था के संरक्षक अशोक नबियाल, अध्यक्ष केएस गर्ब्याल, डीके फकलियाल, भारत-तिब्बत व्यापार समिति के अध्यक्ष जीवन रौंकली, प्रधान अर्चना देवी, विमला गर्ब्याल, लक्ष्मी रायपा आदि मौजूद थे।
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बैठक में एसडीएम ने बताया कि अप्रैल प्रथम सप्ताह से मौसमी प्रवास पर गए लोगों की घर वापसी होने लगती है। बताया गया है कि नेपाली क्षेत्र में करीब 500 मीटर रास्ता बेहद खराब है। इस कारण नेपाल सरकार को पत्र भेजा है। बताया कि इस बार मौसमी प्रवास पर लौटने वालों को नजंग से महाकाली को पार कर नेपाल में प्रवेश करना पड़ेगा और दो किलोमीटर पैदल चलकर वापस महाकाली को पार कर लखनपुर आना पड़ेगा।
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एसडीएम ने बताया कि दार्चुला के विधायक ग्येलबो बोरा ने आश्वासन दिया है कि अप्रैल से पहले यह रास्ता ठीक कर दिया जाएगा। क्योंकि नेपाल के छांगरू, तिंकर, भारतीय क्षेत्र के बूंदी, गर्ब्यांग, गुंजी, नपलच्यू, रौंगकांग, नाबी और कुटी गांव के लोगों को भी इस बार अपने मूल गांव वापसी के समय इसी रास्ते का उपयोग करना पड़ेगा।
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बैठक में सीमा सड़क संगठन के मेजर रोहित, रं कल्याण संस्था के संरक्षक अशोक नबियाल, अध्यक्ष केएस गर्ब्याल, डीके फकलियाल, भारत-तिब्बत व्यापार समिति के अध्यक्ष जीवन रौंकली, प्रधान अर्चना देवी, विमला गर्ब्याल, लक्ष्मी रायपा आदि मौजूद थे।