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गढ़वाल विवि की परीक्षा प्रणाली पर फिर उठे सवाल
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पौड़ी। गढ़वाल विवि की परीक्षा प्रणाली एक बार फिर विवादों में है। बीजीआर परिसर पौड़ी के एक छात्र ने उत्तर पुस्तिका की जांच पर सवाल उठाए हैं। उसका कहना है कि उत्तर पुस्तिका में कई प्रश्न जांचे ही नहीं गए हैं, जबकि एक प्रश्न में दो बार अंक दिए गए हैं। छात्र को 70 अंक के प्रश्नपत्र में मात्र 10 अंक दिए गए हैं।
गढ़वाल विवि बीजीआर परिसर पौड़ी के बीकॉम के छात्र पवन गौड़ ने विवि की परीक्षा प्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने बताया कि बीकॉम पंचम सेमेस्टर के उद्यमिता प्रश्नपत्र में उन्हें 70 अंकों में से मात्र 10 अंक प्राप्त हुए हैं। कहा कि आरटीआई में मिली उत्तर पुस्तिका की छाया प्रति में साफ देखा गया है कि उत्तर पुस्तिका में अधिकांश उत्तर जांचे ही नहीं गए हैं। सभी उत्तरों को काटा गया है, जबकि 15 अंक के एक प्रश्न में दो बार अंक दिए गए हैं। मामले में विवि से आरटीआई के तहत जानकारी ली गई तो बताया गया कि उनकी कॉमर्स विषय के उद्यमिता प्रश्नपत्र की उत्तर पुस्तिका गणित विषय के बंडल के साथ गलती से चली गई थी, जिससे जांच नहीं हो पाई। उत्तर पुस्तिका को बाद में जांचा गया, जिससे परिणाम घोषित करने में देरी हुई। वहीं विवि के परीक्षा नियंत्रक प्रो. आरसी भट्ट ने कहा कि उत्तर पुस्तिका को अलग से कॉमर्स के शिक्षक ने जांचा है। जांच में कोई त्रुटि नहीं है।
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गढ़वाल विवि बीजीआर परिसर पौड़ी के बीकॉम के छात्र पवन गौड़ ने विवि की परीक्षा प्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने बताया कि बीकॉम पंचम सेमेस्टर के उद्यमिता प्रश्नपत्र में उन्हें 70 अंकों में से मात्र 10 अंक प्राप्त हुए हैं। कहा कि आरटीआई में मिली उत्तर पुस्तिका की छाया प्रति में साफ देखा गया है कि उत्तर पुस्तिका में अधिकांश उत्तर जांचे ही नहीं गए हैं। सभी उत्तरों को काटा गया है, जबकि 15 अंक के एक प्रश्न में दो बार अंक दिए गए हैं। मामले में विवि से आरटीआई के तहत जानकारी ली गई तो बताया गया कि उनकी कॉमर्स विषय के उद्यमिता प्रश्नपत्र की उत्तर पुस्तिका गणित विषय के बंडल के साथ गलती से चली गई थी, जिससे जांच नहीं हो पाई। उत्तर पुस्तिका को बाद में जांचा गया, जिससे परिणाम घोषित करने में देरी हुई। वहीं विवि के परीक्षा नियंत्रक प्रो. आरसी भट्ट ने कहा कि उत्तर पुस्तिका को अलग से कॉमर्स के शिक्षक ने जांचा है। जांच में कोई त्रुटि नहीं है।
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