{"_id":"6a117d361338be6be30182ed","slug":"mahapujan-of-mother-sheetla-devi-from-28th-shrinagar-news-c-53-1-sri1002-122927-2026-05-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pauri News: मां शीतला देवी का महापूजन 28 से","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pauri News: मां शीतला देवी का महापूजन 28 से
Sat, 23 May 2026 03:41 PM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
संवाद न्यूज एजेंसी, पौड़ी
Updated Sat, 23 May 2026 03:41 PM IST
विज्ञापन
श्रीनगर। नगर के भक्तियाना स्थित आरोग्यता और शीतलता की प्रतीक मां शीतला देवी का तीन दिवसीय वार्षिक पूजन 28 मई से शुरू होने जा रहा है। शीतला माता मंदिर समिति और श्रद्धालुओं ने तैयारी शुरू कर दी है।
मुख्य पुजारी मंगनानंद पटवाल ने बताया कि मां शीतला को शीतलता प्रदान करने वाली देवी माना जाता है। गर्मी शुरू होने के साथ ही कई बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में मान्यता है कि मां शीतला की आराधना से रोगों से रक्षा होती है। पूजा पंडित वीरेंद्र गोदियाल और गणेश सेमवाल के सानिध्य में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न होगी। अनुष्ठान के तीन दिन तक चलेगा। पहले भगवान गणेश की वंदना और देवी पाठ होगा। इसके पश्चात मां शीतला, मां दक्षिण काली व अन्य देवी-देवताओं को पवित्र स्नान कराकर आभूषणों से उनका शृंगार किया जाएगा। 29 मई को जागरण का आयोजन होगा। 30 मई को सुबह विशेष पूजन, हवन और यज्ञ के पश्चात पूर्णाहुति होगी। आयोजन को सफल बनाने में मंदिर समिति के सूर्यप्रकाश नौटियाल, कमलेश नैथानी, दिनेश उनियाल, मनोज पटवाल, विजय पटवाल और जगन्नाथ पटवाल जुटे हुए हैं। संवाद
विज्ञापन
मुख्य पुजारी मंगनानंद पटवाल ने बताया कि मां शीतला को शीतलता प्रदान करने वाली देवी माना जाता है। गर्मी शुरू होने के साथ ही कई बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। ऐसे में मान्यता है कि मां शीतला की आराधना से रोगों से रक्षा होती है। पूजा पंडित वीरेंद्र गोदियाल और गणेश सेमवाल के सानिध्य में वैदिक मंत्रोच्चार के साथ संपन्न होगी। अनुष्ठान के तीन दिन तक चलेगा। पहले भगवान गणेश की वंदना और देवी पाठ होगा। इसके पश्चात मां शीतला, मां दक्षिण काली व अन्य देवी-देवताओं को पवित्र स्नान कराकर आभूषणों से उनका शृंगार किया जाएगा। 29 मई को जागरण का आयोजन होगा। 30 मई को सुबह विशेष पूजन, हवन और यज्ञ के पश्चात पूर्णाहुति होगी। आयोजन को सफल बनाने में मंदिर समिति के सूर्यप्रकाश नौटियाल, कमलेश नैथानी, दिनेश उनियाल, मनोज पटवाल, विजय पटवाल और जगन्नाथ पटवाल जुटे हुए हैं। संवाद
विज्ञापन