{"_id":"62b738c021b2b976f819cbf3","slug":"ban-on-use-of-explosions-in-tunnel-construction-for-two-days-shrinagar-news-drn415555757","type":"story","status":"publish","title_hn":"सुरंग निर्माण में विस्फोटों के प्रयोग पर दो दिनों के लिए लगाई रोक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सुरंग निर्माण में विस्फोटों के प्रयोग पर दो दिनों के लिए लगाई रोक
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेल परियोजना की सुरंग निर्माण के लिए किए जा रहे विस्फोटों पर तहसील प्रशासन ने दो दिन के लिए रोक लगा दी है। अब प्रभावित भवनों की वीडियोग्राफी और क्षति का आकलन के बाद ही काम होगा।
इन दिनों शहर में राजकीय उप जिला अस्पताल और हाइडिल कॉलोनी क्षेत्र में रेल सुरंग की खोदाई चल रही है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि खोदाई के लिए भारी मात्रा में विस्फोट किए जा रहे हैं। इससे उनके भवनों में दरारें आ रही हैं। जमीन में कंपन होने से लोग भयभीत हैं।
शनिवार को प्रभावितों की शिकायत पर उप जिलाधिकारी अजयवीर सिंह मौके पर पहुंचे। इस मौके पर अमित धनाई सहित अन्य लोगों ने बताया कि विस्फोटों से उनके मकान हिल रहे हैं। भवनों में जगह-जगह दरारें आ गई हैं। उन्होंने विस्फोटकों के प्रयोग पर रोक लगाने और क्षति के आकलन की मांग की।
विज्ञापन
आवासीय भवनों का निरीक्षण और लोगों की समस्या सुनने के बाद उप जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था को दो दिन तक विस्फोट नहीं करने के निर्देश दिए। उन्होंने तय किया कि कार्य शुरू होने से पूर्व क्षेत्र की वीडियोग्राफी करवाई गई थी। पुन: वीडियोग्राफी करवाई जाएगी। दोनों वीडियो का मिलान कर देखा जाएगा कि कितनी दरारें आई हैं। इसके अलावा एक-दो दिन के भीतर खनन उप निदेशक से भी सर्वेक्षण करवाया जाएगा।
विज्ञापन
इन दिनों शहर में राजकीय उप जिला अस्पताल और हाइडिल कॉलोनी क्षेत्र में रेल सुरंग की खोदाई चल रही है। स्थानीय निवासियों का आरोप है कि खोदाई के लिए भारी मात्रा में विस्फोट किए जा रहे हैं। इससे उनके भवनों में दरारें आ रही हैं। जमीन में कंपन होने से लोग भयभीत हैं।
विज्ञापन
शनिवार को प्रभावितों की शिकायत पर उप जिलाधिकारी अजयवीर सिंह मौके पर पहुंचे। इस मौके पर अमित धनाई सहित अन्य लोगों ने बताया कि विस्फोटों से उनके मकान हिल रहे हैं। भवनों में जगह-जगह दरारें आ गई हैं। उन्होंने विस्फोटकों के प्रयोग पर रोक लगाने और क्षति के आकलन की मांग की।
विज्ञापन
आवासीय भवनों का निरीक्षण और लोगों की समस्या सुनने के बाद उप जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था को दो दिन तक विस्फोट नहीं करने के निर्देश दिए। उन्होंने तय किया कि कार्य शुरू होने से पूर्व क्षेत्र की वीडियोग्राफी करवाई गई थी। पुन: वीडियोग्राफी करवाई जाएगी। दोनों वीडियो का मिलान कर देखा जाएगा कि कितनी दरारें आई हैं। इसके अलावा एक-दो दिन के भीतर खनन उप निदेशक से भी सर्वेक्षण करवाया जाएगा।