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खस्ताहाल मार्गों को बजट का इंतजार
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विकास खंड कीर्तिनगर और देवप्रयाग के आधा दर्जन से अधिक मोटर मार्गों को गत सात वर्षों से अनुरक्षण के लिए बजट नहीं मिल पाया है, जिससे मोटर मार्ग जर्जर होने से वाहन चालकों और राहगीरों को मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों ने विभाग के खिलाफ आक्रोश व्यक्त कर समस्या का समाधान न किए जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत विकास खंड कीर्तिनगर और देवप्रयाग के विभिन्न गांवों के लिए करीब पांच से आठ वर्ष पूर्व आधा दर्जन मोटर मार्गों का निर्माण करवाया गया था, लेकिन तब से आज तक विभाग व कार्यदायी एजेंसी ने इन मोटर मार्गों की मरम्मत नहीं करवाई है। उक्रांद के प्रदेश प्रवक्ता व पूर्व प्रमुख विजयंत सिंह निजवाल, रंजन रतूड़ी, चंद्रमोहन चौहान, रविदत्त बलोनी आदि ने मोटर मार्गों की स्थिति में सुधार न होने पर विभाग के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी है। लोनिवि के एई हेमंत नौटियाल का कहना है कि मोटर मार्गों पर मरम्मत कार्य के लिए करीब 5-7 वर्ष से अनुरक्षण मद में बजट नहीं मिल पाया है। इसके लिए करीब 55 लाख का इस्टीमेट यूआरआरडीए को भेजा गया है। बजट मिलते ही समस्या का समाधान करवाया जाएगा।
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प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के तहत विकास खंड कीर्तिनगर और देवप्रयाग के विभिन्न गांवों के लिए करीब पांच से आठ वर्ष पूर्व आधा दर्जन मोटर मार्गों का निर्माण करवाया गया था, लेकिन तब से आज तक विभाग व कार्यदायी एजेंसी ने इन मोटर मार्गों की मरम्मत नहीं करवाई है। उक्रांद के प्रदेश प्रवक्ता व पूर्व प्रमुख विजयंत सिंह निजवाल, रंजन रतूड़ी, चंद्रमोहन चौहान, रविदत्त बलोनी आदि ने मोटर मार्गों की स्थिति में सुधार न होने पर विभाग के खिलाफ आंदोलन की चेतावनी दी है। लोनिवि के एई हेमंत नौटियाल का कहना है कि मोटर मार्गों पर मरम्मत कार्य के लिए करीब 5-7 वर्ष से अनुरक्षण मद में बजट नहीं मिल पाया है। इसके लिए करीब 55 लाख का इस्टीमेट यूआरआरडीए को भेजा गया है। बजट मिलते ही समस्या का समाधान करवाया जाएगा।
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