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सौड़ मांडई, बिजनूर में बाढ़ का खतरा
Pauri
Updated Thu, 07 Aug 2014 05:30 AM IST
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कोटद्वार। दुगड्डा विकासखंड के पौखाल क्षेत्र में मालन नदी अपने उद्गम स्थल से ही कहर बरपा रही है। चारों ओर से पहाड़ियों से घिरे सौड़ मांडई गांव को मालन नदी से बाढ़ का खतरा पैदा हो गया है।
सौड़ मांइई निवासी धीरेंद्र प्रसाद काला, राकेश काला, योगंबर सिंह रावत, राघवेंद्र सिंह रावत और भगत सिंह का कहना है कि उनका गांव मालन नदी का उद्गम स्थल है। भारी बरसात से जहां उफनाई नदी गांव का रुख कर रही है, वहीं कई नाली जमीन इसकी चपेट में आ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि मालन नदी यहां हर साल अपना रुख डायवर्ट कर देती है। इस बार गांव की कई नाली बाढ़ की चपेट में आ गई है। सौड़ मांडई के पास स्थित बिजनूर गांव में भी भारी बारिश से गांव के संपर्क मार्ग टूट गए हैं। गांव के पास बह रहे एक नाले पर भारी बोल्डर आ फंसा है, जिसे जल्द नहीं हटाया गया तो नाला गांव की ओर रुख कर सकता है। गांव में स्वयंवर प्रसाद मैठाणी के मकान को खतरा बना हुआ है।
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सौड़ मांइई निवासी धीरेंद्र प्रसाद काला, राकेश काला, योगंबर सिंह रावत, राघवेंद्र सिंह रावत और भगत सिंह का कहना है कि उनका गांव मालन नदी का उद्गम स्थल है। भारी बरसात से जहां उफनाई नदी गांव का रुख कर रही है, वहीं कई नाली जमीन इसकी चपेट में आ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि मालन नदी यहां हर साल अपना रुख डायवर्ट कर देती है। इस बार गांव की कई नाली बाढ़ की चपेट में आ गई है। सौड़ मांडई के पास स्थित बिजनूर गांव में भी भारी बारिश से गांव के संपर्क मार्ग टूट गए हैं। गांव के पास बह रहे एक नाले पर भारी बोल्डर आ फंसा है, जिसे जल्द नहीं हटाया गया तो नाला गांव की ओर रुख कर सकता है। गांव में स्वयंवर प्रसाद मैठाणी के मकान को खतरा बना हुआ है।
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