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संविदा शिक्षकों को नियमित करें
Pauri
Updated Wed, 02 Oct 2013 05:39 AM IST
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श्रीनगर। उत्तराखंड पॉलीटेक्निक संविदा शिक्षक संघ ने राज्य सरकार पर दोहरे मानक अपनाने का आरोप लगाया। सोमवार को आयोजित संघ की बैठक में गढ़वाल मंडल के पांच जिलों के संविदा शिक्षक शामिल हुए। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार संविदा शिक्षकों को दरकिनार कर लोक सेवा आयोग के माध्यम से 212 पदों पर नियुक्ति करने जा रही है, जबकि इन पदों पर सालों से कार्यरत संविदा शिक्षकों को प्राथमिकता दी जानी चाहिए थी।
प्रदेश अध्यक्ष एनएन टोडरिया ने कहा कि कैबिनेट में यह मामला कई बार उठा, लेकिन कार्रवाई नहीं की गई। संविदा शिक्षकों ने नियमितीकरण और हटाए गए शिक्षकों की बहाली की मांग उठाई। उन्होंने संविदा शिक्षकों की समस्या हल न होने तक लोक सेवा आयोग की नियुक्तियों पर भी रोक लगाने की मांग की। इस मौके पर तीन अक्तूबर को प्रदेश के सभी पॉलीटेक्निकों से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजने का भी निर्णय लिया गया। शिक्षकों ने कहा यदि दस दिनों में मांगों पर कार्रवाई नहीं की गई तो प्रदेशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। बैठक में सवेश चौधरी, आशीष डोभाल, कुसुम, अभिषेक कुकरेती और संतोष शाह आदि मौजूद थे।
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प्रदेश अध्यक्ष एनएन टोडरिया ने कहा कि कैबिनेट में यह मामला कई बार उठा, लेकिन कार्रवाई नहीं की गई। संविदा शिक्षकों ने नियमितीकरण और हटाए गए शिक्षकों की बहाली की मांग उठाई। उन्होंने संविदा शिक्षकों की समस्या हल न होने तक लोक सेवा आयोग की नियुक्तियों पर भी रोक लगाने की मांग की। इस मौके पर तीन अक्तूबर को प्रदेश के सभी पॉलीटेक्निकों से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजने का भी निर्णय लिया गया। शिक्षकों ने कहा यदि दस दिनों में मांगों पर कार्रवाई नहीं की गई तो प्रदेशव्यापी आंदोलन किया जाएगा। बैठक में सवेश चौधरी, आशीष डोभाल, कुसुम, अभिषेक कुकरेती और संतोष शाह आदि मौजूद थे।
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