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Uttarakhand News: लाइब्रेरी के नवीनीकरण कार्य में अनियमितता पर हाईकोर्ट सख्त, अब ये चार अधिकारी देंगे जवाब
Tue, 09 Sep 2025 11:13 AM IST
हीरा मेहरा
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
अमर उजाला नेटवर्क, नैनीताल
Published by: हीरा मेहरा
Updated Tue, 09 Sep 2025 11:13 AM IST
सार
उत्तराखंड हाईकोर्ट ने नैनीताल स्थित ऐतिहासिक दुर्गा साह नगर पालिका पुस्तकालय के नवीनीकरण कार्य में हुई अनियमितताओं का संज्ञान लेते हुए सुनवाई की।
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उत्तराखंड हाईकोर्ट
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उत्तराखंड उच्च न्यायालय ने नैनीताल स्थित ऐतिहासिक दुर्गा साह नगर पालिका पुस्तकालय के नवीनीकरण कार्य में हुई अनियमितताओं और सार्वजनिक धन के दुरुपयोग मामले में अमर उजाला में प्रकाशित खबर का स्वतः संज्ञान लेते हुए सुनवाई की। हाईकोर्ट ने मुख्य सचिव, शहरी विकास विभाग, जिला मजिस्ट्रेट नैनीताल और नगर पालिका परिषद को पक्षकार बनाते हुए जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
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कोर्ट ने कहा है कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बावजूद लाइब्रेरी की इमारत खस्ताहाल है। यह इमारत कभी भी ढह सकती है। मामले की अगली सुनवाई 14 अक्तूबर को होगी। न्यायमूर्ति रवींद्र मैठाणी एवं न्यायमूर्ति आलोक मेहरा की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले की शुरुआत 25 अगस्त 2025 को अमर उजाला में एक रिपोर्ट के प्रकाशन से हुई। रिपोर्ट में यह खुलासा किया गया था कि वर्ष 2016 में नगर के हेरिटेज भवनों की मरम्मत के क्रम में पुस्तकालय के जीर्णोद्धार की पहल हुई। एशियाई विकास बैंक (एडीबी) की ओर से लगभग 1.50 करोड़ रुपये की लागत से नवीनीकरण के बाद वर्ष 2023-24 में यह पालिका को हस्तांतरित हुआ लेकिन कार्य पूरा होने के कुछ ही समय बाद भवन की स्थिति खराब हो गई।
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दुर्गा साह पुस्तकालय का निर्माण 1933-34 में दानदाता मोहन लाल साह के सहयोग से हुआ था। यहां दुर्लभ और बहुमूल्य पुस्तकें संग्रहित हैं। अदालत ने इस धरोहर को सुरक्षित रखने पर बल देते हुए कहा कि जिम्मेदार अधिकारियों को बताना होगा कि करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी भवन की हालत क्यों बिगड़ गई। हाईकोर्ट ने मामले को गंभीर मानते हुए अगली सुनवाई तक सभी संबंधित विभागों से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है।
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