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महिला अस्पताल में प्रसूता की मौत पर हंगामा
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हल्द्वानी। राजकीय महिला अस्पताल में बच्चे को जन्म देने के तीन घंटे बाद महिला की मौत पर हंगामा हो गया। लापरवाही का आरोप लगाकर गुस्साए परिजनों ने तोड़फोड़ कर दी। कोतवाली पुलिस ने लोगों को समझा बुझाकर शांत किया।
जवाहरनगर निवासी वासिद खान की गर्भवती पत्नी साफिया (24) को शुक्रवार की सुबह नौ बजकर 30 मिनट पर महिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन के बाद शाम पांच बजकर 25 मिनट पर साफिया ने बेटे को जन्म दिया। कुछ देर बाद ही साफिया की सांस फूलने लगी। डॉक्टरों ने उसे दवा दी। आठ बजकर 20 मिनट पर उसने दम तोड़ दिया। मौत की सूचना मिलने पर परिजन आपे से बाहर हो गए। उन्होंने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए बच्चा वार्ड में तोड़फोड़ कर दी। हंगामे के चलते अन्य मरीजों के तीमारदार, महिला डॉक्टर और कर्मचारी परेशान हो गए। सूचना मिलने पर कांग्रेस नेता गुरप्रीत सिंह प्रिंस, सुहेल सिद्दीकी सहित कई लोग अस्पताल पहुंच गए।
इधर, कोतवाली थाने से एसएसआई मंगल सिंह पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। इसके बाद परिजनों ने कोई कार्रवाई से इनकार कर दिया और लिखित रूप से अपनी गलती स्वीकार करते हुए अस्पताल प्रशासन को पत्र दिया। इसके बाद परिजन शव लेकर अपने घर चले गए।
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बेटे का मुंह भी नहीं देख पाई मां
हल्द्वानी। कांग्रेस नेता सुहैल सिद्दीकी ने बताया कि साफिया कांग्रेस पार्टी के एक नेता की बहन थी। बच्चा पैदा होने के बाद उसकी तबियत खराब हो गई। नवजात का वह ठीक से मुंह भी नहीं देख पाई और दुनिया से चली गई। साफिया की चार साल की बेटी है।
कोट
तीमारदारों ने माना है कि उनसे गलती हो गई है, इस संबंध में एक पत्र भी दिया है। शनिवार को पूरे प्रकरण को एक बार फिर दिखवा लिया जाएगा।
- डॉ. उषा जंगपांगी, चिकित्सा अधीक्षक महिला अस्पताल
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जवाहरनगर निवासी वासिद खान की गर्भवती पत्नी साफिया (24) को शुक्रवार की सुबह नौ बजकर 30 मिनट पर महिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। ऑपरेशन के बाद शाम पांच बजकर 25 मिनट पर साफिया ने बेटे को जन्म दिया। कुछ देर बाद ही साफिया की सांस फूलने लगी। डॉक्टरों ने उसे दवा दी। आठ बजकर 20 मिनट पर उसने दम तोड़ दिया। मौत की सूचना मिलने पर परिजन आपे से बाहर हो गए। उन्होंने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए बच्चा वार्ड में तोड़फोड़ कर दी। हंगामे के चलते अन्य मरीजों के तीमारदार, महिला डॉक्टर और कर्मचारी परेशान हो गए। सूचना मिलने पर कांग्रेस नेता गुरप्रीत सिंह प्रिंस, सुहेल सिद्दीकी सहित कई लोग अस्पताल पहुंच गए।
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इधर, कोतवाली थाने से एसएसआई मंगल सिंह पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। इसके बाद परिजनों ने कोई कार्रवाई से इनकार कर दिया और लिखित रूप से अपनी गलती स्वीकार करते हुए अस्पताल प्रशासन को पत्र दिया। इसके बाद परिजन शव लेकर अपने घर चले गए।
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बेटे का मुंह भी नहीं देख पाई मां
हल्द्वानी। कांग्रेस नेता सुहैल सिद्दीकी ने बताया कि साफिया कांग्रेस पार्टी के एक नेता की बहन थी। बच्चा पैदा होने के बाद उसकी तबियत खराब हो गई। नवजात का वह ठीक से मुंह भी नहीं देख पाई और दुनिया से चली गई। साफिया की चार साल की बेटी है।
कोट
तीमारदारों ने माना है कि उनसे गलती हो गई है, इस संबंध में एक पत्र भी दिया है। शनिवार को पूरे प्रकरण को एक बार फिर दिखवा लिया जाएगा।
- डॉ. उषा जंगपांगी, चिकित्सा अधीक्षक महिला अस्पताल