{"_id":"640a160383a225d12a033e14","slug":"sharda-river-flows-peacefully-on-charan-mandir-haldwani-news-c-8-1-76638-2023-03-09","type":"story","status":"publish","title_hn":"Nainital News: चरण मंदिर पर शांत तरीके से प्रवाहित होती है शारदा नदी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Nainital News: चरण मंदिर पर शांत तरीके से प्रवाहित होती है शारदा नदी
विज्ञापन
पूर्णागिरि धाम (चंपावत)। मां पूर्णागिरि धाम में बरसात को छोड़ कर सालभर श्रद्धालुओं की आवाजाही होती है। इसी धाम के निचले हिस्से पर स्थित चरण मंदिर उनकी नजरों से ओझल है। बृहस्पतिवार को पूर्णागिरि के सरकारी मेले के शुभारंभ के बाद यहां चरण मंदिर के पास से बूम तक मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की ओर से की गई राफ्टिंग से यह इलाका सुर्खिया में आ गया है। इस मंदिर की सबसे खास खूबी यह है कि यहां शारदा नदी शांत हो जाती है। कोई उफान नहीं, नदी का जल ठहर सा जाता है।
शारदा नदी के किनारे स्थित चरण मंदिर का संबंध पूर्णागिरि देवी के चरणों से माना जाता है। मुख्य मंदिर से चरण मंदिर 14 किमी की दूरी पर टनकपुर-जौलजीबी सड़क पर है। पंडित तारादत्त पांडेय बताते हैं कि देवी दर्शन के बाद चरण मंदिर आने से श्रद्धालुओं की मुराद पूरी होती है। यहां आरसी घाट से चरण मंदिर तक करीब 12 किलोमीटर शारदा नदी बिल्कुल भी आवाज नहीं करती। शांत और उफान से दूर एक समान गति से प्रवाहित होती है।
चरण मंदिर पूर्णागिरि देवी का ही हिस्सा है लेकिन यह स्थान उपेक्षित है। यहां श्रद्धालुओं के लिए तो सुविधा नगण्य है, पुजारियों के लिए भी व्यवस्था ठीक नहीं है। -बाबा राय गिरी, पुजारी चरण मंदिर।
विज्ञापन
विज्ञापन
शारदा नदी के किनारे स्थित चरण मंदिर का संबंध पूर्णागिरि देवी के चरणों से माना जाता है। मुख्य मंदिर से चरण मंदिर 14 किमी की दूरी पर टनकपुर-जौलजीबी सड़क पर है। पंडित तारादत्त पांडेय बताते हैं कि देवी दर्शन के बाद चरण मंदिर आने से श्रद्धालुओं की मुराद पूरी होती है। यहां आरसी घाट से चरण मंदिर तक करीब 12 किलोमीटर शारदा नदी बिल्कुल भी आवाज नहीं करती। शांत और उफान से दूर एक समान गति से प्रवाहित होती है।
विज्ञापन
चरण मंदिर पूर्णागिरि देवी का ही हिस्सा है लेकिन यह स्थान उपेक्षित है। यहां श्रद्धालुओं के लिए तो सुविधा नगण्य है, पुजारियों के लिए भी व्यवस्था ठीक नहीं है। -बाबा राय गिरी, पुजारी चरण मंदिर।
विज्ञापन